MP Pillion Helmet Traffic Rules : भोपाल। मध्य प्रदेश के पांच महानगरों भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और उज्जैन में अब दोपहिया वाहन पर पीछे बैठने वाले (पिलियन राइडर) के लिए भी हेलमेट पहनना पूरी तरह अनिवार्य हो गया है। 4 साल से ऊपर की उम्र का कोई भी व्यक्ति बिना हेलमेट के पीछे बैठा मिला तो ड्राइवर पर 300 रुपये का चालान कटेगा। मोटर व्हीकल एक्ट में यह नियम पहले से था, लेकिन अब ट्रैफिक पुलिस ने सख्ती का बटन दबा दिया है। अभियान के दूसरे दिन शुक्रवार को भोपाल में 18 हॉटस्पॉट पॉइंट्स पर चालान कट रहे हैं, जबकि हर जोन में एक-एक चलित टीम घूम-घूमकर एक्शन ले रही है।
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भोपाल ट्रैफिक पुलिस के डीसीपी जितेंद्र पवार ने कहा, “यह अभियान सिर्फ चालान के लिए नहीं, बल्कि सड़क हादसों में होने वाली मौतों को रोकने के लिए है। 70% बाइक एक्सीडेंट में सिर की चोट से मौत होती है। पिलियन राइडर भी उतना ही जोखिम में होता है।” पुलिस के पास 70 POS मशीनें हैं, इसलिए अब कोई बहाना नहीं चलेगा – चालान ऑनलाइन ही कटेगा और रसीद तुरंत मिलेगी।
पहले दिन गुरुवार को भोपाल में 20 पॉइंट्स पर कार्रवाई हुई और अजब-गजब नजारे देखने को मिले:
– टीटी नगर में एक शख्स पुलिस के सामने हाथ जोड़कर मिन्नतें करने लगा।
– लालघाटी चौराहे पर बाइकर्स और पुलिस में जोरदार बहस हुई।
– कोई बोला, “बच्ची अस्पताल में एडमिट है, जल्दी में हेलमेट भूल गया।”
– किसी ने तर्क दिया, “पुलिस वाला सामने से गुजरा, तब चालान क्यों नहीं किया?”
– चेकिंग देखते ही कई बाइकर्स यू-टर्न लेकर भाग निकले।
हर महीने भोपाल में बिना हेलमेट के करीब 8 हजार चालान कटते हैं। ITMS कैमरों से 5 हजार और ग्राउंड चेकिंग से 3 हजार। इससे हर माह 20 लाख रुपये से ज्यादा का समन शुल्क वसूला जाता है। अब पिलियन राइडर का चालान जुड़ने से यह आंकड़ा दोगुना हो सकता है।
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15 दिन की जागरूकता के बाद सख्ती
पिछले पखवाड़े से पुलिस चौराहों पर माइकिंग कर रही थी। स्कूल-कॉलेजों में जाकर बच्चों-युवाओं को समझाया गया। पोस्टर-बैनर लगाए गए। अब जागरूकता के बाद एक्शन का समय है। डीसीपी पवार ने अपील की, “हेलमेट लगाना फैशन नहीं, जरूरत है। एक हेलमेट दो जिंदगियां बचा सकता है।”
इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और उज्जैन में भी यही नियम लागू हो चुका है। इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने रोशनपुरा, विजय नगर और बापट चौराहे पर स्पेशल नाके लगाए हैं। जबलपुर में अद्वैत मॉल और राइट टाउन, ग्वालियर में मॉल रोड और उज्जैन में फ्रीगंज पर सख्ती दिख रही है।
क्या है नियम?
– 4 साल से कम उम्र के बच्चे को छूट, लेकिन उन्हें गोद में लेना जरूरी।
– 4 साल से ऊपर का कोई भी पिलियन बिना हेलमेट → 300 रुपये चालान।
– ड्राइवर बिना हेलमेट → 250 रुपये + 3 महीने तक लाइसेंस सस्पेंड हो सकता है।
– ISI मार्का हेलमेट ही मान्य।
– POS मशीन से चालान, कैश लेना पूरी तरह बंद।
युवा और महिलाएं सबसे ज्यादा चालान की जद में आ रहे हैं। कई लड़कियां दुपट्टा लहराते हुए बाइक पर पीछे बैठी मिलीं, तो पुलिस ने रोककर हेलमेट पहनने को कहा। कुछ ने तुरंत खरीद लिया, कुछ ने चालान कटवाया। ट्रैफिक पुलिस का दावा है कि 15 दिन में 50% लोग नियम मानने लगेंगे। इसके बाद भी जो नहीं मानेगा, उसका चालान पक्का।