SIR के विरोध में भोपाल की सड़कों पर कांग्रेस, जंजीरों में दिखा ज्ञानेश कुमार का मुखौटा
भोपाल में SIR के विरोध में कांग्रेस ने CEO कार्यालय की ओर मार्च किया। पुलिस ने बैरिकेडिंग और वॉटर कैनन से प्रदर्शनकारियों को रोका। कई कार्यकर्ताओं को बसों में ले जाया गया। प्रदर्शन में ज्ञानेश कुमार का मुखौटा लगाए जंजीरों वाले कार्यकर्ता के जरिए प्रतीकात्मक विरोध भी हुआ।
Congress protest at SIR in Bhopal: मध्य प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर कांग्रेस ने सोमवार को भोपाल में बड़ा विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी की अगुवाई में पार्टी कार्यकर्ता प्रदेश कांग्रेस कार्यालय से मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय की ओर बढ़े। पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोकने के लिए बैरिकेडिंग की, लेकिन प्रदर्शनकारियों ने आगे जाने की कोशिश जारी रखी। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। इसके बाद प्रदर्शन कर रहे कई कार्यकर्ताओं को बसों में बैठाकर मौके से हटाया गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच कई बार धक्का-मुक्की हुई।
मुखौटा, जंजीर और सियासी संदेश
जानकारी के अनुसार, प्रदर्शन में कांग्रेस ने विरोध का एक प्रतीकात्मक तरीका भी अपनाया। एक कार्यकर्ता ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का मुखौटा लगाया हुआ था। उसके शरीर पर जंजीरें डाली गई थीं। जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार इस कार्यकर्ता को जंजीरों से पकड़े हुए दिखाई दिए। कांग्रेस ने इस प्रदर्शन के जरिए SIR और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर अपना विरोध दर्ज कराया। मौके पर कार्यकर्ताओं ने 'वोट चोर, गद्दी छोड़' जैसे नारे भी लगाए।
बैरिकेड बना प्रदर्शन का केंद्र
साथ ही CEO कार्यालय की तरफ बढ़ रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने कई स्तर पर बैरिकेड लगाए थे। कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड हटाने और पार करने की कोशिश की। इस दौरान कुछ लोग बैरिकेड के ऊपर चढ़ गए और पार्टी के झंडे लहराए। पुलिस ने भीड़ को पीछे करने की कोशिश की, जिसके दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की हुई।
जब प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने लगे तो पुलिस ने वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। पानी की तेज धार से भीड़ को पीछे किया गया। इसके बाद पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। उन्हें बसों में बैठाकर प्रदर्शन स्थल से रवाना किया गया।
बस के सामने बैठकर भी विरोध
पुलिस कार्रवाई के दौरान भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं का विरोध जारी रहा। जीतू पटवारी को ले जा रही बस के सामने कुछ कार्यकर्ता बैठ गए और रास्ता रोकने की कोशिश की। वहीं, युवा कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक परमार बस की खिड़की के शीशे के ऊपर से छत पर पहुंचे।
SIR के खिलाफ कांग्रेस की मुख्य आपत्ति
कांग्रेस का कहना है कि मतदाता सूची में पुनरीक्षण के दौरान नाम हटाने या जोड़ने की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी होनी चाहिए। पार्टी नेताओं ने मांग की कि मतदाता सूची में हुए बदलावों की जानकारी सार्वजनिक की जाए और जिन लोगों के नाम प्रभावित होते हैं, उन्हें अपनी आपत्ति दर्ज कराने का पर्याप्त मौका मिले। चुनाव आयोग की ओर से SIR से जुड़ी जानकारी और मतदाता सेवाएं आधिकारिक पोर्टल पर उपलब्ध कराई गई हैं।
सभा में जुटे कांग्रेस के दिग्गज
घेराव से पहले PCC कार्यालय के सामने कांग्रेस की सभा हुई। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, राज्यसभा सांसद अशोक सिंह, पूर्व सांसद रामेश्वर नीखरा, पीसी शर्मा, विजयलक्ष्मी साधो, मुकेश नायक, रवि जोशी, संजय कामले, सिद्धार्थ कुशवाह, शोभा ओझा और अन्य नेता सभा में पहुंचे। नेताओं ने SIR के साथ-साथ चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों पर अपनी बात रखी।