Bhopal EC Update : भोपाल। भोपाल में SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) प्रक्रिया के दौरान फॉर्म-7 के माध्यम से वोटरों के नाम गलत तरीके से हटवाने से जुड़ी शिकायतों को लेकर इलेक्शन कमीशन एक्शन ले रहा है। बार बार शिकायतों के मिलने पर निर्वाचन आयोग (EC) ने कलेक्टर और जिला निर्वाचन अधिकारियों के लिए स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं।
गलत शिकायत देने पर होगी शिकायतकर्ता पर कार्रवाई
इलेक्शन कमीशन साफ़ कहना है कि यदि फॉर्म-7 के जरिए की गई शिकायत गलत पाई जाती है, तो ऐसे मामलों में शिकायतकर्ता के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। आयोग का यह मानना है कि फॉर्म-7 का दुरुपयोग कर मतदाताओं के नाम जानबूझकर हटाने की कोशिश लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए गंभीर खतरा है।
कलेक्टर और जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश
निर्वाचन आयोग ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे फॉर्म-7 से जुड़ी शिकायतों की सूक्ष्म और निष्पक्ष जांच करें। बिना पुख्ता सबूत के किसी भी मतदाता का नाम मतदाता सूची से हटाने की अनुमति नहीं दी जाए।

कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप
इस पुरे मामले को लेकर कांग्रेस ने गंभीर आरोप लगाए हैं। कांग्रेस का कहना है कि SIR प्रक्रिया में फॉर्म-7 का गलत उपयोग कर दलित और अल्पसंख्यक वर्ग के वोटरों के नाम काटने की कोशिश की जा रही है। पार्टी ने इसे लोकतंत्र को कमजोर करने की साजिश बताया है।
EC की सख्ती के बाद बढ़ी निगरानी
इलेक्शन कमीशन की सख्ती के बाद अब SIR प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि कोई भी योग्य मतदाता अपने अधिकार से वंचित न हो।
