Heatwave 2026 : मध्य प्रदेश। मध्य प्रदेश इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है, जहां नौतपा से पहले ही सूरज के तेवर बेहद कड़े हो गए हैं। तपती दोपहर और गर्म हवाओं ने पूरे प्रदेश को जैसे भट्टी में बदल दिया है और आने वाले दिनों में राहत की कोई संभावना फिलहाल नजर नहीं आ रही है।
गर्मी का बढ़ता प्रकोप और मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में तापमान लगातार तेजी से बढ़ रहा है और सुबह के समय ही कई जिलों में पारा 38 से 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। अनुमान है कि यह गर्मी का दौर 31 मई तक अपने चरम पर रहेगा। इसी को देखते हुए मौसम केंद्र ने प्रदेश के 41 जिलों में लू की चेतावनी जारी की है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
रेड अलर्ट वाले जिले और सबसे गंभीर स्थिति
निवाड़ी, छतरपुर, पन्ना और सतना जिलों में अगले 24 घंटों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में भीषण लू चलने की संभावना है और तापमान 46 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच सकता है। यह स्थिति स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक मानी जा रही है, खासकर बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों के लिए।
ऑरेंज और येलो अलर्ट वाले क्षेत्रों में असर
ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, आगर मालवा, राजगढ़, विदिशा, सागर, दमोह, कटनी, मैहर, उमरिया, शहडोल, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां तापमान 43 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, रायसेन, सीहोर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, डिंडौरी और अनूपपुर सहित कई जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है, जहां तेज धूप और गर्म हवाओं का असर बना रहेगा।
जनजीवन पर असर और बढ़ती मुश्किलें
भीषण गर्मी का असर अब आम जनजीवन पर साफ दिखाई देने लगा है। दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही कम हो गई है और बाजारों में सन्नाटा पसर गया है। लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं, जिससे दैनिक गतिविधियों पर भी असर पड़ा है।
मौसम विभाग की एडवाइजरी और सावधानियां
मौसम विभाग ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी और तरल पदार्थों का सेवन करें, हल्के और ढीले कपड़े पहनें और सीधे धूप के संपर्क से बचें। हीटवेव के लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सा सहायता लेने की भी अपील की गई है।