हाइलाइट्स
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ऊर्जा संकट के बीच सीहोर में IPL रद्द करने की मांग।
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केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान को सौंपा गया ज्ञापन।
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सरकारी दफ्तरों में एसी, कूलर और लिफ्ट पर रोक का सुझाव।
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IPL मैचों में पानी और बिजली की अधिक खपत का मुद्दा उठाया गया।
Sehore News today : सीहोर। वैश्विक ऊर्जा संकट को देखते हुए मध्यप्रदेश के सीहोर में इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) को रद्द करने की मांग उठी है। जिला कांग्रेस प्रवक्ता पंकज शर्मा ने इस संबंध में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान को ज्ञापन सौंपते हुए ऊर्जा बचत के कई सुझाव दिए हैं।
ज्ञापन में कहा गया है कि खाड़ी देशों में जारी तनाव और युद्ध की स्थिति के कारण दुनिया भर में तेल और गैस की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इसका असर भारत समेत कई देशों पर पड़ सकता है।
वैश्विक संकट का असर
ज्ञापन में बताया गया कि ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के कारण वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता बढ़ी है।
ईरान दुनिया के प्रमुख तेल उत्पादक देशों में से एक है और हॉर्मुज जलडमरूमध्य के बड़े हिस्से पर उसका नियंत्रण है।
इसी मार्ग से दुनिया के करीब 40 प्रतिशत तेल का परिवहन होता है। यदि यह मार्ग बाधित होता है तो अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें तेजी से बढ़ सकती हैं।
सरकारी दफ्तरों में ऊर्जा बचत का सुझाव
पंकज शर्मा ने भारत में ऊर्जा संकट से निपटने के लिए कुछ सुझाव भी दिए हैं। उन्होंने मांग की कि सरकारी कार्यालयों में एयर कंडीशनर (एसी), कूलर और लिफ्ट के उपयोग पर रोक लगाई जाए।
इसके अलावा दफ्तरों में प्राकृतिक रोशनी का अधिक उपयोग करने की सलाह दी गई है, ताकि बिजली की खपत कम हो सके।
आईपीएल को लेकर उठाई आपत्ति
ज्ञापन में कहा गया कि आईपीएल कोई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता नहीं है, इसलिए इसे अस्थायी रूप से रद्द किया जा सकता है।
शर्मा का तर्क है कि आईपीएल मैचों के दौरान मैदान के रखरखाव में करोड़ों लीटर पानी खर्च होता है। वहीं ज्यादातर मैच रात में खेले जाते हैं, जिससे भारी मात्रा में बिजली की खपत होती है।
उन्होंने कहा कि ऊर्जा संकट के समय पानी और बिजली की बचत बेहद जरूरी है, इसलिए इस पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए।