Sehore News: आंधी-बारिश से गरीब परिवार का ढहा मकान, राशन भी हुआ खराब
सीहोर के चंदेरी गांव में आंधी-बारिश के दौरान गरीब परिवार का मकान ढह गया। घर में रखा करीब एक क्विंटल गेहूं, राशन और अन्य सामान भी खराब हो गया। परिवार अब रैन बसेरे में रह रहा है। ग्रामीणों ने RBC 6-4 से सहायता और प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्के घर की मांग की है।

Sehore News: सीहोर जिले के चंदेरी गांव में तेज आंधी और बारिश के बीच एक गरीब परिवार का मकान ढह गया। अचानक हुए हादसे में घर की दीवारें क्षतिग्रस्त हो गईं और छत भी गिर गई। परिवार के सदस्य किसी तरह सुरक्षित बच गए, लेकिन अब उनके सामने रहने के लिए छत का संकट खड़ा हो गया है।
घर गिरने के साथ राशन भी बर्बाद
परिवार के मुताबिक, मकान गिरने के बाद बारिश का पानी घर के अंदर पहुंच गया। घर में रखा करीब एक क्विंटल गेहूं, राशन, कपड़े और रोजमर्रा के इस्तेमाल का सामान पानी में भीगकर खराब हो गया। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण परिवार के सामने अब दोबारा जरूरी सामान जुटाने की चुनौती भी है।
परिवार के पास खेती की जमीन भी नहीं
क्षेत्रीय किसान नेता एमएस मेवाड़ा ने मौके पर पहुंचकर परिवार की स्थिति का जायजा लिया। परिवार गरीबी रेखा के तहत जीवन यापन करता है और उसके पास खेती की जमीन भी नहीं है। ऐसे में क्षतिग्रस्त मकान को अपने स्तर पर दोबारा खड़ा करना परिवार के लिए मुश्किल है।
रैन बसेरे में रहने की मजबूरी
मकान गिरने के बाद परिवार को स्थानीय रैन बसेरे में शरण लेनी पड़ी है। खराब मौसम के बीच रहने और भोजन की व्यवस्था को लेकर परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल राहत और रहने की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है।
RBC 6-4 के तहत आर्थिक सहायता की मांग
पीड़ित परिवार और ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव तथा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से मदद की अपील की है। ग्रामीणों ने मांग करते हुए कहा है कि राजस्व पुस्तक परिपत्र (RBC) 6-4 के प्रावधानों के तहत परिवार को जल्द आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत परिवार को पक्का मकान दिलाने की मांग भी रखी है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकारी मदद मिलने से परिवार को सुरक्षित आवास मिल सकेगा और वह दोबारा सामान्य जीवन शुरू कर पाएगा।
