रायसेन कॉलेज में MP का पहला सिक रूम शुरू, बीमार होने पर छात्रों को मिलेगी तुरंत मदद
रायसेन के प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस में विद्यार्थियों के लिए सिक रूम शुरू किया गया है। रेडक्रॉस सोसायटी की पहल पर तैयार कमरे का उद्घाटन विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी ने किया। यहां दो बेड, फर्स्ट एड बॉक्स और प्राथमिक उपचार की दवाइयां उपलब्ध हैं, ताकि छात्रों को जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद मिल सके।

Raisen College Sick Room: मध्य प्रदेश के रायसेन स्थित प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस में विद्यार्थियों की सेहत और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सिक रूम की सुविधा शुरू की गई है। इसे प्रदेश का पहला सिक रूम बताया जा रहा है। यहां अचानक तबीयत बिगड़ने पर विद्यार्थियों को प्राथमिक उपचार मिल सकेगा। कमरे में दो बेड, फर्स्ट एड बॉक्स और जरूरी दवाइयों की व्यवस्था की गई है।
पढ़ाई के बीच तबीयत बिगड़ी तो मिलेगी राहत
बता दें, कॉलेज में पढ़ाई करते समय किसी विद्यार्थी को चक्कर आने, कमजोरी महसूस होने या दूसरी सामान्य स्वास्थ्य समस्या होने पर अब प्राथमिक सहायता के लिए तुरंत व्यवस्था उपलब्ध रहेगी। सिक रूम में विद्यार्थियों को जरूरत के मुताबिक शुरुआती उपचार दिया जा सकेगा। यह सुविधा खास तौर पर परीक्षा के दिनों में उपयोगी हो सकती है, जब छात्र लंबे समय तक कॉलेज परिसर में रहते हैं। हालांकि, गंभीर स्थिति में मरीज को अस्पताल पहुंचाने की जरूरत बनी रहेगी।
रेडक्रॉस सोसायटी की पहल पर तैयार हुआ कमरा
कॉलेज प्राचार्य के अनुसार, कॉलेज में सिक रूम की शुरुआत रेडक्रॉस सोसायटी की पहल पर की गई। इसका उद्घाटन पूर्व स्वास्थ्य मंत्री और सांची विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी ने किया। मध्य प्रदेश में इस तरह की सुविधा शुरू करने वाला यह पहला कॉलेज है। कमरे में विद्यार्थियों को शुरुआती चिकित्सा सहायता देने के लिए दो बेड, फर्स्ट एड बॉक्स और प्राथमिक उपचार में इस्तेमाल होने वाली दवाइयां रखी गई हैं।
विधायक ने छात्राओं से भी की बातचीत
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान विधायक डॉ. प्रभुराम चौधरी ने कॉलेज की छात्राओं से उनकी पढ़ाई और रोजाना कॉलेज आने-जाने के साधनों के बारे में जानकारी ली। बातचीत में छात्राओं ने बताया कि वे बस से कॉलेज पहुंचती हैं। कार्यक्रम में जिला अध्यक्ष राकेश शर्मा के साथ कॉलेज के प्राध्यापक, कर्मचारी और अन्य स्थानीय लोग भी मौजूद रहे।
विद्यार्थियों की सुरक्षा की दिशा में पहल
वहीं, कॉलेज परिसर में सिक रूम होने से सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं के दौरान विद्यार्थियों को शुरुआती मदद मिल सकेगी। इससे समय पर सहायता उपलब्ध कराने में सुविधा होगी। कॉलेज में इस व्यवस्था के शुरू होने को विद्यार्थियों की बुनियादी स्वास्थ्य जरूरतों और परिसर की सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
