नर्मदापुरम में 46 एकड़ जमीन पर बनेगा सोलर प्लांट, हजारों युवाओं को मिलेगा रोजगार
नर्मदापुरम के मोहासा औद्योगिक क्षेत्र में लूनो रिन्युएबल की 46 एकड़ जमीन पर नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट स्थापित होगी। यहां सोलर सेल, मॉड्यूल, इन्वर्टर और बैटरी स्टोरेज सिस्टम बनेंगे। बैटरी यूनिट को पांच महीने और चारों इकाइयों को एक साल में शुरू करने का लक्ष्य है।


Narmadapuram News: मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले में सौर ऊर्जा से जुड़े उद्योगों को बढ़ावा देने की तैयारी तेज हो गई है। मोहासा औद्योगिक क्षेत्र में लूनो रिन्यूएबल की नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट के लिए भूमिपूजन किया गया है। कंपनी यहां 46 एकड़ जमीन पर चार उत्पादन इकाइयां स्थापित करेगी। इनमें सोलर सेल, सोलर मॉड्यूल, इन्वर्टर और बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम का निर्माण किया जाएगा। परियोजना से क्षेत्र में निवेश बढ़ने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर बनने की उम्मीद है। कार्यक्रम में कंपनी के को-फाउंडर और मोटिवेशनल स्पीकर विवेक बिंद्रा, फाउंडर-डायरेक्टर शुभम महिंद्राटा समेत एमपीआईडीसी और जिला प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे।
पांच महीने में शुरू हो सकती है बैटरी यूनिट
कंपनी की योजना के मुताबिक, सबसे पहले बैटरी एनर्जी स्टोरेज यूनिट में उत्पादन शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है। इसे अगले पांच महीनों में चालू करने की तैयारी है। वहीं, बाकी इकाइयों सहित पूरे प्रोजेक्ट में एक साल के भीतर उत्पादन शुरू करने का लक्ष्य तय किया गया है। इन इकाइयों में सौर ऊर्जा के उत्पादन और इस्तेमाल से जुड़े उपकरण तैयार किए जाएंगे। इससे मोहासा औद्योगिक क्षेत्र में रिन्युएबल एनर्जी से संबंधित मैन्युफैक्चरिंग गतिविधियों को विस्तार मिलने की संभावना है।
हरिद्वार के बाद नर्मदापुरम में बढ़ेगा उत्पादन
बता दें, लूनो रिन्युएबल फिलहाल हरिद्वार में 600 मेगावॉट क्षमता का प्लांट संचालित कर रही है। कंपनी की योजना हरिद्वार स्थित प्लांट की क्षमता बढ़ाकर 2 गीगावॉट करने के साथ नर्मदापुरम में भी उत्पादन शुरू करने की है। नया प्लांट शुरू होने पर सोलर उपकरणों के निर्माण की क्षमता बढ़ाने में मदद मिल सकती है। इससे मोहासा औद्योगिक क्षेत्र को स्वच्छ ऊर्जा उपकरणों के निर्माण के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना को भी गति मिलने की उम्मीद है।
884 एकड़ के रिन्युएबल एनर्जी पार्क में 8 कंपनियां
कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने जानकारी देते हुए कहा कि मोहासा में 884 एकड़ में फैले रिन्युएबल एनर्जी पार्क में सौर ऊर्जा से जुड़ी 8 कंपनियां काम कर रही हैं। इनमें से 3 कंपनियों में उत्पादन शुरू हो चुका है। औद्योगिक कॉन्क्लेव के दौरान इस क्षेत्र के लिए करीब 18 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव स्वीकृत किए गए थे। प्रशासन को उम्मीद है कि 9 से 10 कंपनियों के संचालन में आने पर स्थानीय स्तर पर हजारों रोजगार के अवसर तैयार हो सकते हैं।
युवाओं को मिलेगा रोजगार
कंपनी के को-फाउंडर विवेक बिंद्रा ने बताया कि स्थानीय युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए ट्रेनिंग सेंटर के माध्यम से प्रशिक्षण देने की योजना है। इसमें कुशल और अकुशल, दोनों तरह के युवाओं को उनकी जरूरत के अनुसार प्रशिक्षित किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य उद्योगों की जरूरत के मुताबिक स्थानीय लोगों को तैयार करना और उन्हें रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। हालांकि, कितने युवाओं को नौकरी मिलेगी, इसकी निश्चित संख्या अभी सामने नहीं आई है।