MP Cold Weather : भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद अब सर्द हवाओं ने कमर कस ली है। बुधवार रात को कई जिलों में तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को पहली सर्द रात का एहसास हुआ। इंदौर में इस सीजन की सबसे ठंडी रात रही, जहां न्यूनतम तापमान 12.1 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
भोपाल में 13 डिग्री, उज्जैन में 14.5 डिग्री, ग्वालियर में 16.3 डिग्री और जबलपुर में 18.2 डिग्री रहा। राजगढ़ सबसे ठंडा जिला साबित हुआ, यहां पारा 11 डिग्री तक लुढ़क गया। मौसम विभाग के अनुसार, यह इस सीजन की सबसे ज्यादा गिरावट है। सभी प्रमुख शहरों में रात का तापमान 20 डिग्री से नीचे ही रहा।
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मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि हिमालयी क्षेत्रों में शुरू हुई बर्फबारी और उत्तर भारत से आ रही ठंडी हवाएं इसके लिए जिम्मेदार हैं। हालांकि, अक्टूबर के अंत में बंगाल की खाड़ी और अरब सागर से आई नमी ने बादल छाए रखे, जिससे दिन का तापमान ज्यादा नहीं बढ़ सका।
वर्तमान में हरियाणा के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण ने ठंडी हवाओं को प्रदेश में घुसने से कुछ हद तक रोका है। लेकिन अगले 24 घंटों में यह सिस्टम उत्तर भारत के वेस्टर्न डिस्टर्बेंस में मिल जाएगा, जिसके बाद 6 नवंबर से ठंड का असर और तेज होगा।
पिछले 24 घंटों में श्योपुर, शिवपुरी, ग्वालियर, अशोकनगर, गुना, बैतूल, सागर, टीकमगढ़, छतरपुर और छिंदवाड़ा जैसे जिलों में हल्की बारिश हुई। इससे दिन का तापमान भी 2-3 डिग्री गिर गया। नरसिंहपुर में एक ही रात में पारा 5.4 डिग्री नीचे आकर 17.2 डिग्री पर पहुंच गया।
छिंदवाड़ा-मंडला में 17.6 डिग्री, नौगांव में 15 डिग्री, रीवा में 15.8 डिग्री, सिवनी में 17.4 डिग्री, टीकमगढ़ में 16.8 डिग्री, उमरिया में 17.3 डिग्री, मलाजखंड में 16.7 डिग्री, भोपाल में 18.8 डिग्री, इंदौर में 18.2 डिग्री, उज्जैन में 18.3 डिग्री, ग्वालियर में 20.1 डिग्री, खंडवा-शिवपुरी में 17 डिग्री, खरगोन में 17.8 डिग्री और पचमढ़ी में 17.2 डिग्री दर्ज किया गया।
दिन के तापमान की बात करें तो बुधवार को पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा, यहां अधिकतम 25.2 डिग्री रहा। रायसेन में 27 डिग्री, बैतूल में 26.7 डिग्री, श्योपुर में 29.6 डिग्री, छिंदवाड़ा-दमोह में 29.5 डिग्री, नरसिंहपुर में 29.6 डिग्री, सिवनी में 28 डिग्री, सीधी में 28.8 डिग्री, उमरिया में 29.9 डिग्री और मलाजखंड में 26.7 डिग्री रहा।
अक्टूबर में बारिश ने रिकॉर्ड तोड़े। प्रदेश में औसत 2.8 इंच बारिश हुई, जो सामान्य 1.3 इंच से 121 प्रतिशत ज्यादा है। भोपाल में 2.8 इंच, जबलपुर में 3.3 इंच, ग्वालियर में 4.2 इंच और उज्जैन में 2.1 इंच पानी गिरा। इंदौर में 3.4 इंच बारिश के साथ 10 सालों में दूसरी सबसे ज्यादा रिकॉर्डिंग हुई।
श्योपुर में सबसे ज्यादा 6.52 इंच, झाबुआ में 5.52 इंच, सिंगरौली में 5.35 इंच, सीधी में 5 इंच, उमरिया में 4.14 इंच, अनूपपुर में 4.82 इंच, बड़वानी में 4.21 इंच और भिंड में 4.36 इंच बारिश हुई। सिर्फ खंडवा में सामान्य से कम पानी गिरा, बाकी 53 जिलों में ज्यादा।
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दूसरे सप्ताह से ठंड तेज
मौसम विभाग के अनुसार, दूसरे सप्ताह से ठंड तेज होगी। ग्वालियर-चंबल संभाग में उत्तरी हवाओं से पारा लुढ़केगा। ग्वालियर में 56 साल पहले नवंबर में न्यूनतम 3 डिग्री रिकॉर्ड हुआ था। उज्जैन में 52 साल पहले 2.3 डिग्री। भोपाल, इंदौर, जबलपुर में बारिश का ट्रेंड रहेगा। पहले सप्ताह में ही हल्की बूंदाबांदी संभव। तीसरे-चौथे सप्ताह में नए सिस्टम से फिर बारिश हो सकती है। 15 नवंबर के बाद कोहरा छाने लगेगा।