Fire Incident : भोपाल की आदमपुर कचरा खंती में भीषण आग, कई टन कचरा और मशीनें जलीं

Fire Incident

Fire Incident : भोपाल।   भोपाल के आदमपुर स्थित कचरा खंती में शनिवार दोपहर करीब 12:30 बजे भीषण आग लग गई। आग की लपटें 20 से 25 फीट तक उठती रहीं, जबकि धुएं के घने गुबार 10 किलोमीटर दूर से भी दिखाई दिए। मौके पर पहुंची दमकल टीम लगातार आग पर काबू पाने की कोशिश में जुटी रही। तेज हवा से तेजी से फैली आग शुरुआती जानकारी के मुताबिक, डंप के मुख्य गेट के पास आरडीएफ (Refuse Derived Fuel) के ढेर से अचानक धुआं निकलना शुरू हुआ, जो देखते ही देखते आग में बदल गया। तेज हवा के कारण आग तेजी से फैल गई, जिससे हालात और गंभीर हो गए। Anganwadi Worker Suicide : भोपाल में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने की आत्महत्या, सुसाइड नोट में पति पर प्रताड़ना के आरोप कई टन कचरा और मशीनें जलीं इस आगजनी में कई टन कचरा जलकर राख हो गया, वहीं कुछ मशीनों के भी चपेट में आने की खबर है। आग इतनी भीषण थी कि कर्मचारियों को पहले कचरा हटाने और फिर दमकल की मदद से आग बुझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। विशेषज्ञ सुभाष सी. पांडे का कहना है कि आदमपुर कचरा खंती में लगातार आग लगने की घटनाएं सामने आ रही हैं, लेकिन नगर निगम इन्हें रोकने में नाकाम रहा है। इससे आसपास के इलाकों की हवा और पानी दोनों प्रदूषित हो रहे हैं। इस मामले को लेकर एनजीटी में भी याचिका दायर की जा चुकी है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस कचरा खंती में हर साल आग लगने की घटनाएं होती हैं। यहां स्थायी रूप से दमकल तैनात रहने के बावजूद आग पर समय रहते काबू पाना चुनौती बना रहता है। बार-बार हो रही आगजनी की घटनाओं ने प्रशासन और नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि इस समस्या के स्थायी समाधान के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं। MP news update : मध्यप्रदेश में देर रात बड़ी राजनीतिक नियुक्तियां, निगम-मंडलों में नई जिम्मेदारियां तय

Anganwadi Worker Suicide : भोपाल में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने की आत्महत्या, सुसाइड नोट में पति पर प्रताड़ना के आरोप

Anganwadi Worker Suicide

 Anganwadi Worker Suicide  : भोपाल।  भोपाल के कजलीखेड़ा क्षेत्र में रहने वाली 48 वर्षीय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ओमवती मीणा का शव थुआखेड़ा स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में मिला। शुक्रवार शाम को उन्होंने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सहकर्मी के लौटने पर घटना का खुलासा हुआ, जिसके बाद ग्रामीणों और पुलिस को सूचना दी गई। सुसाइड नोट में पति पर गंभीर आरोप मौके से मिली डायरी के दो पन्नों में लिखे सुसाइड नोट में महिला ने अपने पति पर प्रताड़ना और मानसिक दबाव डालने के आरोप लगाए हैं। उन्होंने लिखा कि पति ने दूसरी शादी कर ली, उनसे कोई संबंध नहीं रखा और उनके नाम पर कार फाइनेंस कराकर आर्थिक बोझ भी डाला। Highway Accident : बैतूल में चलते ट्रक में लगी भीषण आग, इंजन से उठा धुआं, मक्के के पाउडर से भरा वाहन खाक परिजनों ने पुलिस को सौंपा नोट शनिवार को परिजनों ने सुसाइड नोट पुलिस को सौंप दिया। महिला ने अपने बेटे और बहू के हक की बात करते हुए पति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने अपनी मौत के लिए पति को जिम्मेदार ठहराया है। परिवार का आरोप- प्रताड़ना से थीं परेशान मृतका के परिजनों का कहना है कि पति की लगातार प्रताड़ना और धमकियों के कारण वह लंबे समय से मानसिक तनाव में थीं। बताया गया कि दोनों कई सालों से अलग रह रहे थे, लेकिन इसके बावजूद पति उन्हें परेशान करता था। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मामले में सुसाइड नोट के आधार पर जांच की जा रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ऐसी घटनाएं मानसिक तनाव और पारिवारिक विवादों की गंभीरता को दिखाती हैं। किसी भी प्रकार की परेशानी या दबाव की स्थिति में मदद लेना बेहद जरूरी है परिजन, मित्र या स्थानीय सहायता सेवाओं से संपर्क करना जीवन बचा सकता है। Missing Children : बैतूल में ‘मुस्कान अभियान’ की बड़ी सफलता: 34 नाबालिग बच्चे सकुशल बरामद

Highway Accident : बैतूल में चलते ट्रक में लगी भीषण आग, इंजन से उठा धुआं, मक्के के पाउडर से भरा वाहन खाक

Highway Accident

Highway Accident : बैतूल।   बैतूल जिले में चिचोली के पास नेशनल हाईवे-47 (गवासेन फोरलेन) पर शुक्रवार देर रात एक चलती ट्रक में अचानक आग लग गई। छिंदवाड़ा से गुजरात जा रहा मक्के के पाउडर (डीओसी) से भरा यह ट्रक देखते ही देखते आग की लपटों में घिर गया। जानकारी के अनुसार, ट्रक चालक को रात करीब 4 बजे गवासेन के पास इंजन से धुआं उठता दिखाई दिया। उसने तुरंत वाहन को सड़क किनारे रोक दिया, लेकिन कुछ ही पलों में आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरे ट्रक को अपनी चपेट में ले लिया। चालक और क्लीनर सुरक्षित निकले हादसे के दौरान चालक और क्लीनर ने समय रहते ट्रक से बाहर निकलकर अपनी जान बचा ली। इस घटना में किसी भी तरह की जनहानि नहीं हुई, लेकिन ट्रक और उसमें भरा पूरा माल जलकर राख हो गया। Missing Children : बैतूल में ‘मुस्कान अभियान’ की बड़ी सफलता: 34 नाबालिग बच्चे सकुशल बरामद फायर ब्रिगेड ने आग पर पाया काबू घटना की सूचना मिलते ही चिचोली नगर परिषद की फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। समय रहते आग को फैलने से रोक लिया गया, जिससे आसपास कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ। प्रारंभिक जांच में आग लगने की वजह इंजन में तकनीकी खराबी मानी जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और आग लगने के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है।

Missing Children : बैतूल में ‘मुस्कान अभियान’ की बड़ी सफलता: 34 नाबालिग बच्चे सकुशल बरामद

Missing Children

Missing Children : बैतूल।  बैतूल पुलिस ने ‘मुस्कान अभियान’ के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए 34 गुमशुदा नाबालिग बच्चों को सकुशल बरामद किया है। अप्रैल माह में चलाए गए इस अभियान के दौरान इन बच्चों को खोजकर उनके परिजनों से मिलवाया गया। 7 राज्यों से वापस लाए गए बच्चे पुलिस के अनुसार, जिले में दर्ज 68 गुमशुदगी प्रकरणों में से इन बच्चों को गुजरात, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, कर्नाटक, दिल्ली और मध्य प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से तलाश कर वापस लाया गया। इस पूरी कार्रवाई में अंतरराज्यीय समन्वय और तकनीकी विश्लेषण की अहम भूमिका रही। MP news update : मध्यप्रदेश में देर रात बड़ी राजनीतिक नियुक्तियां, निगम-मंडलों में नई जिम्मेदारियां तय 18 थानों की टीम लगातार रही सक्रिय अभियान के दौरान जिले के 18 थानों की पुलिस टीमों ने अनुविभागीय अधिकारियों के नेतृत्व में लगातार सर्च ऑपरेशन चलाए। संवेदनशीलता और सतर्कता के साथ काम करते हुए पुलिस ने कम समय में यह बड़ी उपलब्धि हासिल की। एसपी ने टीम को सराहा पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने इस सफलता पर सभी टीमों की सराहना करते हुए उन्हें पुरस्कृत किया। उन्होंने कहा कि बाकी गुमशुदा बच्चों की तलाश भी तेजी से जारी है और जल्द ही सभी को सुरक्षित बरामद कर लिया जाएगा। आम लोगों से सहयोग की अपील एसपी ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी बच्चे के गुम होने की जानकारी तुरंत नजदीकी थाने या डायल 112 पर दें। साथ ही बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने का आग्रह किया है। Harda News : हरदा में दर्दनाक मामला, खेत में खुद डिलीवरी की कोशिश, नवजात की मौत; प्रसूता की हालत स्थिर

Harda News : हरदा में दर्दनाक मामला, खेत में खुद डिलीवरी की कोशिश, नवजात की मौत; प्रसूता की हालत स्थिर

Harda News

Harda News : हरदा।  हरदा जिले के मांगरुल गांव में एक 19 वर्षीय गर्भवती महिला को खेत में काम करते समय अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। अस्पताल पहुंचने के बजाय महिला ने मौके पर ही खुद प्रसव कराने की कोशिश की, जो बेहद गंभीर स्थिति में बदल गई। अधूरी डिलीवरी से बिगड़ी स्थिति स्वयं डिलीवरी के प्रयास के दौरान प्रसव प्रक्रिया जटिल हो गई, जिससे नवजात को बचाया नहीं जा सका और मां की हालत भी गंभीर हो गई। परिजन घबराकर तुरंत महिला को जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने तुरंत उपचार शुरू किया और आवश्यक प्रक्रिया अपनाकर महिला की जान बचाई। डॉक्टरों के मुताबिक, यह प्री-मैच्योर (समय से पहले) डिलीवरी का मामला था, जिससे जटिलताएं बढ़ गईं। Satpura Tiger Reserve : STR में फिर बाघ की संदिग्ध मौत, सतपुड़ा टाइगर रिजर्व की पहाड़ियों के बीच मिला कंकाल डॉक्टरों की प्राथमिक जानकारी डॉक्टरों ने बताया कि गर्भ लगभग 24 सप्ताह का था। ऐसी स्थिति में बिना चिकित्सकीय सहायता के प्रसव का प्रयास बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। फिलहाल महिला की हालत स्थिर बताई जा रही है। पहले भी हो चुका है प्री-मैच्योर प्रसव जानकारी के अनुसार, महिला को पहले भी समय से पहले प्रसव का सामना करना पड़ा था। इस बार भी वही स्थिति दोहराई गई, जिससे जोखिम और बढ़ गया। अस्पताल से सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले में जांच शुरू कर दी है। नवजात का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और पूरे घटनाक्रम की बारीकी से पड़ताल की जा रही है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि प्रसव जैसी स्थिति में हमेशा तुरंत अस्पताल या प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी की मदद लेनी चाहिए। देरी या गलत तरीके से प्रयास मां और बच्चे दोनों के लिए जानलेवा हो सकता है। Gwalior High Court verdict : ग्वालियर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, अल्पसंख्यक संस्थान खुद चुनेंगे प्राचार्य, सीनियरिटी नियम बाध्यकारी नहीं

Satpura Tiger Reserve : STR में फिर बाघ की संदिग्ध मौत, सतपुड़ा टाइगर रिजर्व की पहाड़ियों के बीच मिला कंकाल

Satpura Tiger Reserve

 Satpura Tiger Reserve : नर्मदापुरम।  नर्मदापुरम के सतपुड़ा टाइगर रिजर्व (एसटीआर) से एक बार फिर चिंताजनक खबर सामने आई है। पूर्व पचमढ़ी के दुर्गम पहाड़ी इलाके में एक बाघ का कंकाल मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया। यह क्षेत्र दो पहाड़ियों के बीच गहरी खाई वाला है, जहां आमतौर पर आवाजाही नहीं होती। उदबिलाव सर्वे के दौरान हुआ खुलासा जानकारी के अनुसार, जंगल में इन दिनों उदबिलाव (ओटर) का सर्वे चल रहा है, जिसे वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (डब्ल्यूसीसीबी) और टाइगर रिजर्व की संयुक्त टीम द्वारा किया जा रहा है। शुक्रवार रात सर्वे टीम जब पूर्व पचमढ़ी के क्षेत्र में पहुंची, तभी उन्हें बाघ का कंकाल दिखाई दिया। MP news update : मध्यप्रदेश में देर रात बड़ी राजनीतिक नियुक्तियां, निगम-मंडलों में नई जिम्मेदारियां तय अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची घटना की सूचना मिलते ही फील्ड डायरेक्टर राखी नंदा, सहायक संचालक संजीव शर्मा, रेंजर और अन्य वनकर्मी तुरंत मौके के लिए रवाना हो गए। अधिकारियों का कहना है कि बाघ की मौत का असली कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा। शिकार की आशंका से बढ़ी चिंता जिस स्थान पर कंकाल मिला है, उसे देखते हुए शिकार (पोचिंग) की आशंका जताई जा रही है। हालांकि वन विभाग अभी हर पहलू से जांच कर रहा है और किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। पहले भी सामने आ चुका है ऐसा मामला गौरतलब है कि पिछले महीने छिंदवाड़ा जिले के सांगाखेड़ा रेंज में अफीम की खेती के लिए एक बाघ को मारकर दफना दिया गया था। वह बाघ भी एसटीआर क्षेत्र से जुड़ा हुआ था और उसमें कॉलर आईडी लगी थी। Pipariya labour rally : पिपरिया में मजदूर दिवस पर रैली, नेताओं ने कहा….40 करोड़ असंगठित मजदूर आज भी शोषित सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने टाइगर रिजर्व में वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि जांच रिपोर्ट में क्या सामने आता है और वन विभाग आगे क्या कदम उठाता है।

MP news update : मध्यप्रदेश में देर रात बड़ी राजनीतिक नियुक्तियां, निगम-मंडलों में नई जिम्मेदारियां तय

MP news update

MP news update : भोपाल | मध्यप्रदेश में देर रात एक बार फिर बड़े स्तर पर निगम और मंडल नियुक्तियों की घोषणा की गई है। दर्जन भर से अधिक प्रमुख पदों पर नई नियुक्तियां होने के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इन नियुक्तियों को संगठनात्मक संतुलन और प्रशासनिक कामकाज के लिहाज से अहम माना जा रहा है। जारी सूची के अनुसार, कई वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं को अलग-अलग महत्वपूर्ण संस्थाओं की जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रमुख नियुक्तियां इस प्रकार हैं: संदीप जैन को जबलपुर विकास प्राधिकरण का अध्यक्ष बनाया गया है। वीरेंद्र गोयल को सिंगरौली विकास प्राधिकरण की जिम्मेदारी दी गई है। राघवेंद्र शर्मा को योग आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। सौभाग्य सिंह को पाठ्यपुस्तक निगम की कमान सौंपी गई है। विनोद गोटिया को तीर्थ एवं मेला प्राधिकरण का अध्यक्ष बनाया गया है। प्रभु दयाल कुशवाहा को कुश कल्याण बोर्ड का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। ओम जैन को गृह निर्माण मंडल की जिम्मेदारी दी गई है। प्रवीण शर्मा को युवा आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है। पंकज जोशी को खादी बोर्ड का अध्यक्ष और राकेश जादौन को उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। रमेश शर्मा को कर्मचारी कल्याण समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। कोशल शर्मा को संस्कृत संस्थान की जिम्मेदारी सौंपी गई है। MP rain alert today : मध्यप्रदेश में मौसम का बदला मिजाज, 21 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट राजनीतिक हलचल तेज इन नियुक्तियों के बाद प्रदेश की सियासत में हलचल तेज हो गई है। राजनीतिक गलियारों में इसे संगठन और सरकार के बीच संतुलन साधने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। कई स्थानों पर समर्थकों में खुशी का माहौल है, जबकि विपक्षी खेमे में इस फैसले को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। सरकार की ओर से इन नियुक्तियों को प्रशासनिक मजबूती और विभिन्न बोर्डों के बेहतर संचालन की दिशा में एक कदम बताया जा रहा है।

MP rain alert today : मध्यप्रदेश में मौसम का बदला मिजाज, 21 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट

MP rain alert today

MP rain alert today : भोपाल | मध्यप्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलता नजर आ रहा है। प्रदेश के कई हिस्सों में जहां बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है, वहीं कुछ जिलों में अभी भी गर्मी और उमस लोगों को परेशान कर सकती है। मौसम विभाग के अनुसार आज हालात काफी अस्थिर रहेंगे और दिनभर मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। 21 जिलों में बारिश और तेज हवाओं की संभावना मौसम विभाग ने प्रदेश के कुल 21 जिलों में बारिश और तेज हवा का अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में हवाओं की रफ्तार 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जिससे अचानक मौसम बदलने की स्थिति बन सकती है। इन जिलों में ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, जबलपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट, डिंडौरी, अनूपपुर, गुना, अशोकनगर, नीमच और मंदसौर शामिल हैं। इन क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ जगहों पर तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। Gwalior High Court verdict : ग्वालियर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, अल्पसंख्यक संस्थान खुद चुनेंगे प्राचार्य, सीनियरिटी नियम बाध्यकारी नहीं बाकी जिलों में गर्मी और उमस का असर प्रदेश के दूसरे हिस्सों में अभी भी गर्मी का असर बना हुआ है। भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, अलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, देवास, रतलाम, सागर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, कटनी, उमरिया, शहडोल, रीवा, मऊगंज, सीधी, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा और सिंगरौली में दिन के समय तेज धूप और उमस महसूस की जा रही है। हालांकि दोपहर के बाद कुछ जिलों में बादल छाने और मौसम बदलने के आसार हैं। पिछले दिनों का मौसम पिछले दो दिनों में प्रदेश के करीब 35 जिलों में बारिश, ओले गिरने और तेज आंधी का असर देखने को मिला था। कई जगहों पर अचानक मौसम बदलने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई और लोगों को गर्मी से राहत मिली। शुक्रवार को भी कई जिलों में इसी तरह का मौसम रहा, जहां दिनभर आसमान में बादल और तेज हवाओं का असर बना रहा। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में भी प्रदेश में इसी तरह मौसम का उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। Bhopal drug smuggler news : तस्कर यासीन मछली को सुप्रीम कोर्ट से जमानत, हाईकोर्ट का फैसला पलटा