Betul Farmers Road Blockade : मध्य प्रदेश। बैतूल जिले के आठनेर इसलके क्षेत्र में शुक्रवार को बिसनूर-घाना जोड़ पर सैकड़ों किसानों ने जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। किसानों ने पचधार डैम और पारसदोह डैम से रबी फसल के लिए सिंचाई का पानी तुरंत छोड़े जाने तथा मक्का फसल की समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदी सुनिश्चित करने की मांग को लेकर मुल्ताई-भैंसदेही स्टेट हाईवे पर चक्का जाम कर दिया। इस सड़क जाम के कारण वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बुरी तरह प्रभावित हो गया।
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प्रदर्शनकारी किसानों का कहना है कि सिंचाई विभाग ने विधायक से चर्चा के बाद 5 नवंबर से पानी छोड़ने का वादा किया था, लेकिन अब तक नहरों में पानी का दबाव न के बराबर है।
पारसदोह डैम से जुड़े लेफ्ट साइड पंपों में तकनीकी खराबी के चलते आठनेर-मासोद बेल्ट के खेतों में पानी नहीं पहुंच पा रहा। इससे रबी की फसलें सूखने की कगार पर पहुंच गई हैं। किसानों ने चेतावनी दी है कि अगर मांगें पूरी नहीं हुईं तो यह आंदोलन और तेज होगा।
आठनेर और मुल्ताई थाने की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस ने रूट डायवर्ट कर वाहनों को वैकल्पिक रास्तों से भेजा, ताकि यात्रियों को ज्यादा परेशानी न हो। किसानों की संख्या देखते हुए अतिरिक्त फोर्स भी बुला ली गई है। सिंचाई विभाग के अधिकारी भी वहां पहुंचे और किसानों से बातचीत शुरू की।
विभाग की ओर से बताया गया कि राइट साइड के पंप पहले से ही चालू हैं। लेफ्ट साइड का चार्जर खराब होने के बाद उसे ठीक कर लिया गया है। स्कीम नंबर 5-6 में कल रात से ही पानी छोड़ दिया गया है। अब दिन में आठनेर बेल्ट में नियमित सिंचाई की व्यवस्था हो गई है और स्थिति सामान्य हो रही है।
किसानों ने अपनी पीड़ा बयां करते हुए कहा कि पानी की कमी से बिसनूर, घाना, आठनेर और आसपास के 12 से ज्यादा गांवों के खेत बर्बाद हो रहे हैं। मक्का की फसल पर समर्थन मूल्य की खरीदी न होने से बाजार में सस्ते दामों पर बेचना पड़ रहा है, जिससे आर्थिक नुकसान हो रहा है।