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Bhopal News : 2 करोड़ के जेवर चोरी का खुलासा, भतीजी डॉली पाराशर मास्टरमाइंड, बॉयफ्रेंड के साथ रची थी साजिश

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Bhopal News : भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के कोहेफिजा थाना क्षेत्र के ओम नगर हलालपुरा में 29 सितंबर 2025 को प्रॉपर्टी डीलर आनंद पाराशर के घर से 2 करोड़ रुपये के जेवरात चोरी का मामला पुलिस ने सुलझा लिया है। वारदात की मास्टरमाइंड आनंद की भतीजी डॉली पाराशर निकली, जिसने बॉयफ्रेंड अंकित तिवारी के साथ मिलकर योजना बनाई।

पुलिस ने बताया कि, अंकित ने ठेकेदार दोस्त रवि विश्वकर्मा को शामिल किया, जिसने देवाशीष शर्मा और अजय शाक्य के साथ चोरी को अंजाम दिया।

पुलिस ने CCTV फुटेज, PSTN डेटा और मुखबिरों की मदद से सोमवार दोपहर (6 अक्टूबर 2025) को डॉली, रवि और देवाशीष को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से 1.25 करोड़ के 1250 ग्राम सोने के जेवरात, 4 मोबाइल और 3 चाँदी के सिक्के बरामद हुए।

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शेष 50 लाख के जेवरात फरार अंकित और अजय के पास हैं। यह चोरी आनंद की बेटी की ग्वालियर रिंग सेरेमनी के दौरान हुई, जब परिवार बाहर था। डॉली ने घर का नक्शा और सामान की जानकारी दी। पुलिस ने IPC की धारा 380 (चोरी), 411 (चोरी का सामान रखना) और 120B (षड्यंत्र) में केस दर्ज किया।

रिंग सेरेमनी का फायदा

29 सितंबर को आनंद पाराशर का पूरा परिवार बेटी की ग्वालियर रिंग सेरेमनी में गया था। इसी का फायदा उठाकर चोरों ने घर पर धावा बोल दिया। डीसीपी अभिनव चौकसे ने बताया, “एफआईआर पड़ोसी कमल शोभानी की थी। CCTV और PSTN डेटा से संदिग्ध नंबर ट्रेस किए।

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रवि विश्वकर्मा (पिछले चोरी केस वाला) पकड़ा गया। उसके कब्जे से 1.25 करोड़ जेवरात बरामद।” पूछताछ में रवि ने अंकित तिवारी का नाम लिया। अंकित ने डॉली को शामिल किया, जो आनंद की भतीजी थी। डॉली ने फोन पर घर का नक्शा, तिजोरी का स्थान और सामान की जानकारी दी।

चौकसे ने कहा, “डॉली और अंकित शादी करना चाहते थे। अंकित बेरोजगार था। चोरी के बाद डॉली भागकर दूसरे शहर बसने वाली थी।” रवि ने देवाशीष (जेल से प्रोडक्शन वारंट पर) और अजय शाक्य को भर्ती किया। रवि ने रैकी की। चोरी के बाद जेवरात बाँटे। डॉली का हिस्सा 50 लाख का था।

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CCTV, PSTN और मुखबिरों से सुलझा केस

पुलिस ने घटनास्थल CCTV से देवाशीष की पहचान की। PSTN डेटा से कॉल्स ट्रेस हुए। मुखबिरों ने रवि का सुराग दिया। रवि के गिरफ्तार होते ही सिलसिला खुला। देवाशीष को छोला मंदिर थाने से अडिबाजी केस में जेल से निकाला। अजय और अंकित फरार। चौकसे ने कहा, “जेवरात बरामद। फरारों की तलाश तेज।”

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