MP News : ग्वालियर। मध्यप्रदेश के ग्वालियर शहर की सड़कें अब जानलेवा साबित हो रही हैं। गड्ढों के कारण रोज हादसे हो रहे हैं। लोग न सिर्फ अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। बल्कि अपनों की जिंदगी भी दांव पर लगा रहे हैं। हाल ही में एक ऐसा मामला सामने आया। जिसने सबको स्तब्ध कर दिया। पिछोर क्षेत्र के पुट्टी गांव में रहने वाले मुकेश बाल्मिक की पत्नी रोशनी 7 महीने की गर्भवती थी।
घर में खुशियां आने वाली थीं लेकिन 28 अक्टूबर को एक सड़क हादसे ने सब छीन लिया। रोशनी की मौत हो गई। उसके मायके पक्ष ने पति मुकेश पर साजिश के तहत हत्या का गंभीर आरोप लगा दिया। मामला डबरा थाने में दर्ज हो गया। लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने सच्चाई उजागर कर दी। यह हत्या नहीं। बल्कि सड़कों के गड्ढों का कुप्रभाव था।
घटना उस दिन की है जब मुकेश अपनी पत्नी रोशनी को रूटीन चेकअप के लिए डबरा अस्पताल ले गया। डॉक्टरों ने जांच की। सोनोग्राफी कराई। सब ठीक था। बच्चा स्वस्थ था। शाम को दोनों बाइक पर गांव वापस लौट रहे थे। रास्ते में हाल की बरसात का असर साफ दिख रहा था। गांव की सड़कें टूटी-फूटी थीं। जगह-जगह गड्ढे भरे थे। उनमें पानी जमा था।
गांव पहुंचने से थोड़ा पहले ही मुकेश की बाइक एक बड़े गड्ढे से गुजरी। पानी भरे गड्ढे में टायर फिसल गया। बाइक अनियंत्रित हो गई। दोनों पति-पत्नी बाइक सहित गड्ढे में गिर पड़े। रोशनी का सिर और पेट सड़क पर जोर से लगा। मुकेश को भी चोटें आईं। लेकिन वह होश में था।
आसपास के लोग इकट्ठे हो गए। उन्होंने तुरंत 108 एंबुलेंस बुलाई। दोनों को डबरा अस्पताल पहुंचाया। लेकिन रोशनी को बचाया नहीं जा सका। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मुकेश सदमे में था। उसने न सिर्फ पत्नी खो दी। बल्कि होने वाले बच्चे को भी।
मौत की खबर फैलते ही रोशनी के मायके पक्ष ने हंगामा मचा दिया। उन्होंने मुकेश पर हत्या का आरोप लगाया। कहा कि यह साजिश है। दहेज की मांग पूरी न होने से ऐसा किया। डबरा थाने में केस दर्ज हो गया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।
शुरुआती जांच में घटनास्थल पर प्रत्यक्षदर्शियों से बात की। उन्होंने बताया कि बाइक फिसल गई थी। गड्ढे का दोष था। कोई झगड़ा नहीं हुआ। फिर शॉर्ट पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आई। उसमें साफ लिखा था। मौत सिर और पेट में लगी चोटों से हुई। गर्भ में बच्चा भी प्रभावित हुआ। हत्या का कोई सबूत नहीं। पुलिस ने मुकेश को क्लीन चिट दे दी।