हाइलाइट्स
- कॉमन सर्विस सेंटरों पर नियमों की पालना को लेकर सख्ती।
- दिल्ली कार्यालय ने 57 सीएससी की आईडी की ब्लॉक।
- सेंटर नियमों के खिलाफ चलते हैं तो बढ़ता है धोखाधड़ी का खतरा।
Betul News : बैतूल, मध्य प्रदेश। बैतूल में कॉमन सर्विस सेंटरों (सीएससी) पर नियमों की पालना को लेकर सख्ती बरती गई है। जिले में कुल 2177 सीएससी पंजीकृत हैं, जिनमें से करीब 1400 केंद्र सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं। जांच में पाया गया कि कई सेंटरों में गंभीर अनियमितताएं हैं। इनमें बैनर नहीं लगाना, ब्रांडिंग अपलोड न करना, पुलिस सत्यापन न कराना और ई-केवाईसी बायोमेट्रिक अपडेट न करना शामिल है।
कई सेंटर कर रहे नियमों की अनदेखी
इसके चलते दिल्ली कार्यालय ने 57 सीएससी की आईडी ब्लॉक कर दी है। यह कार्रवाई सभी निजी सेंटरों पर लागू हुई है। जिला प्रबंधक कमलेश रघुवंशी ने बताया कि शासन के स्पष्ट निर्देश हैं कि हर सीएससी का एक स्थायी स्थान होना चाहिए।
वहां मानक ब्रांडिंग, राज्य लोगो, रेट चार्ट और वीएलई (ग्राम स्तरीय उद्यमी) का पुलिस सत्यापन अनिवार्य है। कई सेंटर इन नियमों का पालन किए बिना चल रहे थे।
अगर सेंटर चलाना है तो नियम पालन जरूरी
प्रशासन ने इन सेंटरों को सुधार का मौका दिया है। संबंधित संचालक अपनी खामियां दूर कर दस्तावेज, अपडेटेड बायोमेट्रिक और ब्रांडिंग के प्रमाण प्रस्तुत कर सकते हैं। ऐसा करने पर उनकी आईडी फिर से सक्रिय की जाएगी।
जिला प्रबंधक ने स्पष्ट किया कि भविष्य में केवल वही सेंटर चल सकेंगे जो सभी नियमों का पूरी तरह पालन करेंगे। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि आम नागरिकों को सरकारी सेवाएं सही दरों पर और समय पर मिलें।
धोखाधड़ी का बढ़ता है खतरा
सीएससी केंद्रों का इस्तेमाल लोग आधार कार्ड, पैन कार्ड, पासपोर्ट, बिल भुगतान, सरकारी योजनाओं के आवेदन और अन्य सेवाओं के लिए करते हैं।
अगर सेंटर नियमों के खिलाफ चलते हैं तो आम जनता को परेशानी होती है और धोखाधड़ी का खतरा बढ़ता है। प्रशासन का कहना है कि अब पारदर्शिता और जवाबदेही पर पूरा ध्यान दिया जाएगा।
ब्लॉक किए गए 57 सेंटरों में कई राशन दुकानों, प्राथमिक कृषि ऋण सोसायटी (पैक्स) और अन्य सोसायटियों से जुड़े केंद्र भी शामिल हैं। संचालकों को जल्द सुधार करने की सलाह दी गई है। जिला प्रशासन ने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों पर आगे भी सख्ती बरती जाएगी।