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Pipariya News : पिपरिया स्टेशन का ऐतिहासिक ‘डगडगा’ पुल तोड़ने का काम तेज, बनेगा नया एस्केलेटर वाला FOB

foot over bridge demolition

Pipariya News : पिपरिया। मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले में स्थित पिपरिया रेलवे स्टेशन पर एक बड़ा बदलाव हो रहा है। यहां का पुराना फुट ओवर ब्रिज (एफओबी), जो अंग्रेजों के समय का साक्षी है, अब धीरे-धीरे इतिहास बनने की कगार पर है। सोमवार से इस ब्रिज को तोड़ने का काम जोरों पर है। मजदूरों ने पुल के सेट हटा दिए हैं और नट-बोल्ट खोलने की प्रक्रिया तेजी से चल रही है।

मौके पर एक विशाल क्रेन भी तैनात कर दी गई है, जो पूरे काम को आसान बनाएगी। रेलवे इंजीनियरों के मुताबिक, सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ट्रैक पर ब्लॉक मिलने के बाद यह काम एक सप्ताह के अंदर पूरा कर लिया जाएगा।

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रेलवे के सीनियर सेक्शन इंजीनियर चंद्र मौलेश्वर ने बताया कि ब्रिज के नट-बोल्ट को सावधानी से खोला जा रहा है। उसके बाद क्रेन की सहायता से पूरे ढांचे को हटाया जाएगा। ब्लॉक के दौरान ट्रेनों का संचालन प्रभावित न हो, इसके लिए पहले से ही वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।

यात्रियों की सुविधा बरकरार रखने के लिए इटारसी छोर पर बना दूसरा फुट ब्रिज पूरी तरह से सक्रिय है। इससे प्लेटफॉर्म्स के बीच आवाजाही बिना किसी रुकावट के जारी है। पुराने ब्रिज को पूरी तरह हटाने के बाद ही नया निर्माण शुरू होगा, जो यात्रियों के लिए वरदान साबित होगा।

यह नया फुट ओवर ब्रिज आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा। इसमें एस्केलेटर और लिफ्ट लगाई जाएंगी, ताकि बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे आसानी से ऊपर-नीचे आ-जा सकें। ब्रिज की चौड़ाई 12 मीटर होगी, जो पचमढ़ी छोर को शहर की ओर और सभी प्लेटफॉर्म्स को आपस में जोड़ेगा।

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यह काम अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हो रहा है, जिसमें पिपरिया स्टेशन पर कुल 20 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फरवरी 2024 में इस योजना की आधारशिला रखी थी, जिसके बाद से विकास कार्य तेज हो गए हैं।

यह ब्रिज करीब 100 साल पुराना है। रेलवे के पुराने रिकॉर्ड्स के अनुसार, इसका निर्माण 1925 में ब्रिटिश शासनकाल के दौरान किया गया था। खास तौर पर पचमढ़ी घूमने आने वाले पर्यटकों और यात्रियों की सुविधा के लिए इसे स्टेशन के साथ जोड़ा गया था। स्थानीय लोग इसे प्यार से ‘डगडगा’ पुल कहते थे।

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यह पुल इतवारा बाजार, पचमढ़ी रोड और मंगलवारा बाजार से रोजाना हजारों लोगों की आवाजाही का मुख्य रास्ता था। अब इसकी विदाई पर शहर के बुजुर्गों का दिल टूट रहा है। वे पुरानी यादें ताजा कर भावुक हो जाते हैं।

रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि वे स्टेशन पहुंचने से पहले ट्रेनों की स्थिति चेक करें। NTES ऐप या 139 हेल्पलाइन से ताजा अपडेट लें। इस विकास से पिपरिया स्टेशन न सिर्फ सुरक्षित बनेगा, बल्कि पर्यटकों के लिए और आकर्षक भी हो जाएगा। कुल मिलाकर, पुराने का अंत नये का आगमन ला रहा है।

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