MP News : भोपाल। मध्य प्रदेश ने खनन क्षेत्र में नया रिकॉर्ड बनाया है। केंद्र सरकार के खान मंत्रालय ने राज्य खनन तत्परता सूचकांक (SMRI) और राज्य रैंकिंग जारी की। इसमें मध्य प्रदेश श्रेणी ए में प्रथम स्थान पर रहा। यह उपलब्धि राज्य के खनन सुधारों को मजबूत करने का प्रमाण है। सूचकांक की घोषणा केंद्रीय बजट 2025-26 में हुई थी। अब राज्य को नीलामी, पट्टा संचालन और सतत खनन में अग्रणी माना जा रहा है।
राज्यों को खनिज भंडार के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया। श्रेणी ए में खनिज समृद्ध राज्य हैं। यहां मध्य प्रदेश पहले, राजस्थान दूसरे और गुजरात तीसरे स्थान पर। श्रेणी बी में गोवा, उत्तर प्रदेश और असम शीर्ष पर। श्रेणी सी में पंजाब, उत्तराखंड और त्रिपुरा ने टॉप तीन हासिल किया। सूचकांक में नीलामी प्रक्रिया, पट्टों का तेज संचालन, अन्वेषण और पर्यावरण संरक्षण जैसे मानक जांचे गए। मध्य प्रदेश ने इनमें बेहतर प्रदर्शन किया।
राज्य खनिज नीलामी में देशभर में नंबर एक बन चुका है। बड़े पैमाने पर खनिज ब्लॉकों की नीलामी से पहला स्थान मिला। हाल ही में क्रिटिकल मिनरल्स की नीलामी में केंद्र की नीति को सबसे पहले लागू किया।
भारत सरकार ने सबसे ज्यादा ब्लॉकों की नीलामी के लिए सम्मान दिया। राज्य सरकार के सुधार, आधुनिकीकरण और सतत विकास के प्रयास सफल साबित हुए। इससे रोजगार बढ़ा। राजस्व में वृद्धि हुई।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसे ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि राज्य के खनन कर्मियों की मेहनत का फल है। आगे सतत खनन पर फोकस रहेगा। खान मंत्रालय ने कहा कि सूचकांक से राज्य स्तर पर सुधार तेज होंगे।
मध्य प्रदेश जैसे राज्य दूसरों के लिए उदाहरण बनेंगे। यह रैंकिंग खनन क्षेत्र को मजबूत करने का नया कदम है। राज्य अब निवेशकों के लिए आकर्षक गंतव्य बनेगा।