Latest

Narmadapuram News : धरना-जुलूस पर प्रशासन की सख्ती, पूर्व अनुमति अनिवार्य नहीं तो… कार्रवाई की चेतावनी

Narmadapuram Collector Office

Administration Tightens Restrictions on Processions Narmadapuram News :नर्मदापुरम। मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले में अब कोई भी धरना, प्रदर्शन, जुलूस, पदयात्रा, वाहन रैली या ज्ञापन बिना प्रशासन की पूर्व अनुमति के नहीं हो सकेगा। अपर कलेक्टर एवं अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी राजीव रंजन पाण्डेय ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 163 (1)(3) के तहत यह सख्त आदेश 24 सितंबर 2025 को जारी किया।

आदेश के तहत कलेक्ट्रेट परिसर में ज्ञापन देने के लिए अधिकतम 5 लोग ही प्रवेश कर सकेंगे, और हथियार, लाठी-डंडा, पेट्रोल या ज्वलनशील पदार्थ लाना पूरी तरह प्रतिबंधित होगा। भारी और व्यावसायिक वाहनों की एंट्री भी वर्जित है। उल्लंघन करने वालों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 223 के तहत दंडात्मक कार्रवाई होगी।

Vidisha News : पुलिसकर्मी पर पत्नी हत्या का गंभीर आरोप, जिला अस्पताल में भारी झड़प ससुराल पक्ष ने मृतक को बताया मानसिक बीमार

यह आदेश शासकीय आयोजनों और ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों, पुलिस या मजिस्ट्रेटों पर लागू नहीं होगा। नर्मदापुरम में यह कदम कानून-व्यवस्था बनाए रखने और कलेक्ट्रेट परिसर की सुरक्षा बढ़ाने के लिए उठाया गया है।

क्या-क्या अनिवार्य, क्या प्रतिबंधित?

1. ज्ञापन के लिए 5 लोगों की सीमा: आयोजक सहित केवल 5 लोग कलेक्ट्रेट परिसर में ज्ञापन देने जा सकेंगे। इनके नाम, पता और मोबाइल नंबर पहले से जमा करने होंगे।
2. पूर्व अनुमति अनिवार्य: कोई भी सभा, जुलूस, रैली, धरना, प्रदर्शन या पदयात्रा बिना पुलिस और सक्षम अधिकारी (एसडीएम) की अनुमति के आयोजित नहीं होगी।

Pachmarhi News : पचमढ़ी में भालू ने आदिवासी को बनाया शिकार, गंभीर हालत में बुजुर्ग को बल्ली- चादर की डोली में पहुंचाया हॉस्पिटल
3. प्रतिबंधित वस्तुएं: कलेक्ट्रेट परिसर में लाठी-डंडा, हथियार, पत्थर, पटाखे, पेट्रोल या अन्य ज्वलनशील पदार्थ लाना सख्त मना है।
4. वाहन प्रतिबंध: भारी वाहन (ट्रक, बस) और व्यावसायिक वाहनों का प्रवेश पूर्णतः प्रतिबंधित है।
5. शासकीय छूट: यह आदेश सरकारी आयोजनों, ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों, पुलिस बल और मजिस्ट्रेटों पर लागू नहीं होगा।

अपर कलेक्टर राजीव रंजन पाण्डेय ने कहा, “यह आदेश कानून-व्यवस्था बनाए रखने और कलेक्ट्रेट परिसर में अव्यवस्था रोकने के लिए है। सभी संगठनों से अनुपालन की अपेक्षा है।” आदेश को जिले के सभी थानों, तहसील कार्यालयों और संबंधित विभागों के नोटिस बोर्ड पर चस्पा करने के निर्देश दिए गए हैं।

 BNS 223 के तहत सजा

आदेश का उल्लंघन करने वालों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 223 के तहत कार्रवाई होगी, जिसमें जुर्माना और सजा का प्रावधान है। यह धारा गैर-कानूनी सभा या अनधिकृत गतिविधियों को रोकने के लिए बनाई गई है। अपर कलेक्टर ने चेतावनी दी, “कोई भी संगठन या व्यक्ति नियम तोड़ेगा, तो सख्त कार्रवाई होगी।”

Harda News : घुटने के ऑपरेशन के बाद महिला HIV पॉजिटिव, अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप, बेटा बोला- इंफेक्टेड ब्लड लगाया

नर्मदापुरम में क्यों जरूरी हुआ यह कदम?

नर्मदापुरम (पूर्व में होशंगाबाद) में हाल के महीनों में धरना-प्रदर्शन और जुलूसों की संख्या बढ़ी है। सामाजिक संगठनों, किसान यूनियनों और स्थानीय समूहों द्वारा कलेक्ट्रेट पर ज्ञापन देने की घटनाएं आम हो गई हैं। कई बार भीड़, शोर और अव्यवस्था से प्रशासनिक कार्य प्रभावित हुआ।

सूत्रों के अनुसार, कुछ प्रदर्शनों में लाठी-डंडों का इस्तेमाल और तनाव की स्थिति बनी थी। इस आदेश से प्रशासन का मकसद सुरक्षा बढ़ाना और अनियंत्रित भीड़ को रोकना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *