Tender Scam Sehore News : सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के शिक्षा विभाग पर फिर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। फेडरेशन ऑफ मध्यप्रदेश टेंट वेलफेयर सोसायटी ने बुधवार (25 सितंबर 2025) को विधायक सुदेश राय को ज्ञापन सौंपकर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) कार्यालय के टेंट, लाइट और माइक टेंडर में अनियमितताओं का खुलासा किया।
सोसायटी का दावा है कि पिछले 10 वर्षों से सभी कार्य साईंनाथ टेंट हाउस को दिए जा रहे हैं, और टेंडर शर्तें ऐसी रखी जाती हैं कि अन्य वेंडर्स प्रतिस्पर्धा से बाहर हो जाते हैं।
एक हालिया टेंडर में साईंनाथ का रेट अन्य से 9 गुना ज्यादा था, फिर भी काम उसी को मिला। 9 महीने पहले RTI दाखिल की, लेकिन जवाब नहीं आया। सोसायटी ने विधायक से जांच और कार्रवाई की मांग की है।
टेंडर भ्रष्टाचार का पूरा खुलासा
फेडरेशन के अनुसार, DEO कार्यालय के सभी कार्यक्रमों – जैसे स्कूल इवेंट, सेमिनार, वार्षिकोत्सव – के लिए टेंट, लाइटिंग और साउंड सिस्टम का टेंडर साईंनाथ टेंट हाउस को ही दिया जाता है। टेंडर शर्तें (जैसे न्यूनतम टर्नओवर, विशेष उपकरण) अन्य छोटे वेंडर्स को बाहर कर देती हैं।
सितंबर 2025 के एक टेंडर में तीन अन्य वेंडर्स को कागजी खामियों के नाम पर अयोग्य घोषित कर दिया गया। साईंनाथ का रेट अन्य से 9 गुना अधिक (लगभग 2.5 लाख vs 25-30 हजार) था, फिर भी काम उसी को सौंपा गया।
सोसायटी अध्यक्ष ने कहा, यह साफ भ्रष्टाचार है। DEO कार्यालय का बजट गरीब बच्चों की शिक्षा पर खर्च होना चाहिए, न कि एक वेंडर को फायदा पहुंचाने पर।
RTI का जवाब न मिलना
सोसायटी ने 9 महीने पहले DEO और जिला पंचायत CEO को RTI दाखिल की, जिसमें टेंडर प्रक्रिया, साईंनाथ को दिए कार्यों की डिटेल और वित्तीय लाभ की जानकारी मांगी। लेकिन अब तक कोई जवाब नहीं आया। फेडरेशन ने कहा, “RTI का दुरुपयोग हो रहा है। यह जानकारी छिपाकर भ्रष्टाचार को बचाने की कोशिश है।”
विधायक सुदेश राय ने ज्ञापन स्वीकार कर कलेक्टर को भेजने का आश्वासन दिया। राय ने कहा, “मैं व्यक्तिगत रूप से मामले की जांच कराऊंगा। पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।”
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टेंडर घोटालों का सिलसिला
सीहोर शिक्षा विभाग पर टेंडर अनियमितताओं के आरोप पुराने हैं। 2023 में स्कूल निर्माण टेंडर में 20% ओवरप्राइसिंग का मामला सामने आया था। DEO कार्यालय के टेंडर में साईंनाथ का दबदबा 2015 से चला आ रहा है।
स्थानीय वेंडर्स ने कहा, हमारी बोली ठीक होती है, लेकिन शर्तें ऐसी रखी जाती हैं कि हम बाहर हो जाते हैं। जिला पंचायत CEO ने कहा, “RTI का जवाब जल्द देंगे। टेंडर प्रक्रिया पारदर्शी है। लेकिन सोसायटी ने जांच की मांग की।
फेडरेशन ऑफ मध्यप्रदेश टेंट वेलफेयर सोसायटी ने 50 से ज्यादा सदस्यों के साथ विधायक सुदेश राय से मुलाकात की। अध्यक्ष ने कहा, 10 साल का अन्याय अब बर्दाश्त नहीं। साईंनाथ को फायदा पहुंचाने से विभाग का बजट बर्बाद हो रहा।” राय ने आश्वासन दिया कि कलेक्टर से बात करेंगे।