Bhopal News : पुलिस ने भोपाल मे पकड़ा ऑनलाइन सट्टा रैकेट, 50 लाख के साथ 7 आरोपी धराए

Police bust online betting racket in Bhopal

Bhopal News : भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में क्रिकेट के शौकीनों के बीच सट्टेबाजी का काला कारोबार जोरों पर था, लेकिन पुलिस की सतर्कता ने इसे धर दबोचा। 29 सितंबर 2025 को अयोध्या नगर पुलिस ने एशिया कप 2025 के मैचों के दौरान चल रहे ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी के बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया। इस छापेमारी में 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 50 लाख रुपये मूल्य के सामान जब्त हुए। जानकारी के मुताबिक, गिरोह के पास से 40 मोबाइल, 80 सिम कार्ड, 177 एटीएम कार्ड, 5 लैपटॉप, 2 कारें, 3.54 लाख रुपये नगदी और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए। जांच में करोड़ों रुपये के लेन-देन का खुलासा हुआ, जो इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और व्हाट्सएप के माध्यम से संचालित हो रहा था। Maa Durga Visarjan 2025 : मां दुर्गा की मूर्ति विसर्जन की पुख्ता तैयारी SP ने दिए आदेश, क्रेन, ड्रोन और फायर ब्रिगेड अलर्ट भोपाल पुलिस कमिश्नर हरिनारायणचारी मिश्रा के निर्देश पर विशेष टीम ने इस गिरोह पर नजर रखी। एशिया कप मैचों के दौरान सट्टेबाजी की टिप्स मिलने पर जांच तेज हुई। पहले एक बुकी को पकड़ा गया, जिसकी पूछताछ से भोपाल के भोजपुर रोड स्थित आरआरजी टाउनशिप के एक फ्लैट में चल रहे कॉल सेंटर का पता चला। वहां दबिश देकर 5 और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। गिरोह कार और रेसिडेंशियल मल्टी में सेटअप चला रहा था, जहां वे बेटिंग पैनल इंस्टाग्राम-टेलीग्राम से लेते थे। पुलिस ने बताया कि गिरोह ने प्रतिबंधित महादेव ऐप से ट्रेनिंग ली और रुद्र डायमंड पोर्टल पर शिफ्ट हो गया। फर्जी अकाउंट, सिम और व्हाट्सएप से संपर्क कर ट्रांजेक्शन करते थे। 180 बैंक अकाउंट्स की पहचान हुई, जिनमें से 15 लाख रुपये ऑनलाइन फ्रीज कर दिए गए। अकाउंट रजिस्टर से 1.5 करोड़ रुपये के लेन-देन का रिकॉर्ड मिला। यह गिरोह कम समय में बड़ा पैसा कमाने के लालच में फंसा था, और एशिया कप जैसे टूर्नामेंट इसका सुनहरा मौका थे। Vidisha Phone Exploded : Vivo मोबाइल धमाके से फैली सनसनी, जेब में फटा फोन, उंगलियां और पैर झुलसा आरोपियों की पहचान गिरफ्तार आरोपियों में छत्तीसगढ़ के बालोदा और भाटापारा के निवासी शामिल हैं, जबकि बाकी मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा और बैतूल जिले से हैं। मुख्य आरोपी एक बुकी था, जो सट्टेबाजी का मास्टरमाइंड था। पुलिस ने कहा कि ये लोग युवाओं को लालच देकर सट्टेबाजी में फंसाते थे। MP Crime News : नवविवाहिता की मौत पर अस्पताल में बवाल, परिजनों ने लगाए दहेज़ प्रताड़ना के आरोप, पीएम रिपोर्ट का इंतजार गिरोह का नेटवर्क इंटर-स्टेट था जो छत्तीसगढ़ से जुड़ा हुआ था। पूछताछ में आरोपियों ने कबूल किया कि वे मैच फिक्सिंग की अफवाहों का फायदा उठाते थे। यह कार्रवाई महादेव बेटिंग ऐप जैसी सट्टेबाजी नेटवर्क को झटका देगी, जो पहले भी कई राज्यों में पकड़ी गई है।

Maa Durga Visarjan 2025 : मां दुर्गा की मूर्ति विसर्जन की पुख्ता तैयारी SP ने दिए आदेश, क्रेन, ड्रोन और फायर ब्रिगेड अलर्ट

Maa Durga Visarjan 2025

Maa Durga Visarjan 2025 : सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में शक्ति पर्व नवरात्रि के समापन और दुर्गा प्रतिमा विसर्जन को शांतिपूर्ण व सुरक्षित बनाने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। 30 सितंबर 2025 को पुलिस अधीक्षक (SP) दीपक कुमार शुक्ला ने जिले के सभी अधिकारियों की वर्चुअल बैठक ली। इस दौरान SP ने विसर्जन स्थलों, दशहरा उत्सव व शस्त्र पूजन के लिए कड़े दिशा-निर्देश जारी किए। गोताखोर, क्रेन, प्रकाश व्यवस्था, ड्रोन सर्वे और फायर ब्रिगेड की तैनाती के आदेश दिए गए हैं। यह कदम न केवल सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। SP ने नागरिकों से सहयोग की अपील की है, ताकि त्योहार शांति और सौहार्द के साथ संपन्न हों। Betul Honor Killing : ऑनर किलिंग मामले में 11 साल बाद कोर्ट का फैसला, पिता समेत परिवार के 6 लोगों को उम्रकैद विसर्जन के लिए पुख्ता इंतजाम SP दीपक शुक्ला ने विसर्जन स्थलों पर किसी भी अनहोनी से बचने के लिए कड़े इंतजाम के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नदियों, तालाबों और डैम जैसे विसर्जन स्थलों पर डूबने की घटनाओं को रोकने के लिए गोताखोर, स्थानीय तैराक और बचाव उपकरणों के साथ क्रेन तैनात हों। नगर पालिका, होमगार्ड, और विद्युत विभाग से तत्काल समन्वय स्थापित करने को कहा गया। रात के समय विसर्जन के लिए पर्याप्त रोशनी अनिवार्य है, ताकि दृश्यता बनी रहे और हादसे टलें। सीहोर के प्रमुख विसर्जन स्थल जैसे नर्मदा नदी, सीप नदी, और अन्य तालाबों पर विशेष नजर रखी जाएगी। SP ने कहा, “पिछले साल कुछ जिलों में विसर्जन के दौरान डूबने की घटनाएं हुई थीं। इसे रोकने के लिए हम कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।” होमगार्ड की टीमें और स्थानीय गोताखोर पहले से तैनात किए जाएंगे। क्रेन की व्यवस्था मूर्तियों को सुरक्षित जल में उतारने के लिए होगी। MP Private Universities Defaulter : अजीम प्रेमजी और महाकौशल यूनिवर्सिटी समेत 10 प्राइवेट यूनिवर्सिटी डिफॉल्टर, यहां देखिये पूरी लिस्ट ड्रोन और पुलिस पॉइंट विसर्जन के लिए निकलने वाले चल समारोहों के आयोजकों से SP ने रूट प्लान और यातायात प्रबंधन पर चर्चा करने को कहा। संवेदनशील मार्गों पर ड्रोन से निगरानी और स्थायी पुलिस पॉइंट लगाए जाएंगे। इससे भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा सुनिश्चित होगी। SP ने कहा, “चल समारोह में DJ और तेज आवाज पर नियंत्रण रखें। आयोजकों को पुलिस के साथ तालमेल करना होगा।” पिछले साल सीहोर में विसर्जन के दौरान जाम की समस्या हुई थी, जिसे इस बार टालने के लिए प्रशासन ने पहले से रणनीति बनाई है। स्थानीय लोग भी इस कदम की सराहना कर रहे हैं। एक आयोजक ने कहा, “पुलिस का सहयोग हमें भरोसा देता है। हम रूट और समय पर सहमत हैं।” इसके अलावा, 2 अक्टूबर को सभी थानों में परंपरागत शस्त्र पूजन का आयोजन होगा। SP ने जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति सुनिश्चित करने को कहा, ताकि पुलिस और जनता के बीच विश्वास बढ़े। शस्त्र पूजन में हथियारों की सफाई, पूजा, और प्रदर्शन होगा। MP Private Universities Defaulter : अजीम प्रेमजी और महाकौशल यूनिवर्सिटी समेत 10 प्राइवेट यूनिवर्सिटी डिफॉल्टर, यहां देखिये पूरी लिस्ट नागरिकों से सहयोग की अपील वर्चुअल बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुनीता रावत, सभी नगर पुलिस अधीक्षक, SDOP, और थाना प्रभारी मौजूद रहे। SP ने जोर देकर कहा कि सभी विभाग मिलकर काम करें। नगर पालिका को कचरा प्रबंधन और सफाई, विद्युत विभाग को निर्बाध बिजली और होमगार्ड को बचाव कार्यों में तेजी लाने को कहा गया।

Vidisha Phone Exploded : Vivo मोबाइल धमाके से फैली सनसनी, जेब में फटा फोन, उंगलियां और पैर झुलसा

Vidisha Mobile Exploded

Vidisha Vivo Phone Exploded : विदिशा। मध्य प्रदेश के विदिशा जिले में एक साधारण दिन एक भयानक हादसे में बदल गया। स्थानीय व्यापारी आकाश जैन की जेब में रखा वीवो कंपनी का मोबाइल अचानक गर्म हो गया, धुआं निकला और फिर धमाके के साथ फट गया। यह घटना 28 सितंबर 2025 की दोपहर करीब 2 बजे घटी, जब आकाश बाजार में थे। धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग दौड़ पड़े। आकाश की पैंट की जेब जल गई, जांघ पर फोड़े पड़ गए और मोबाइल निकालते समय उंगलियां झुलस गईं। सौभाग्य से जान तो बच गई। Dussehra 2025 : डेढ़ लाख रुपए की से लागत बन रहा रावण, मुस्लिम परिवार की तीसरी पीढ़ी बना रही 52 फीट का दशानन जेब में धमाका विदिशा शहर के व्यस्त बाजार में आकाश जैन अपनी दुकान पर थे। कुछ महीने पहले 19 हजार रुपये में खरीदा वीवो मोबाइल (मॉडल Y21 या समान) उनकी जेब में था। रात को चार्जिंग पर लगाया था, और सुबह सब सामान्य था। लेकिन दोपहर होते ही फोन गर्म होने लगा। MP Madrasa : मध्य प्रदेश के 27 मदरसों में 556 हिंदू बच्चों के कथित धर्मांतरण का आरोप, सरकार देगी NHRC को जवाब आकाश ने महसूस किया कि जेब में जलन हो रही है, जैसे कोई चिंगारी लगी हो। तुरंत फोन निकाला, लेकिन बाहर रखते ही धमाके के साथ वह फट गया। प्लास्टिक के टुकड़े इधर-उधर बिखर गए और काला धुआं फैल गया। मोबाइल पूरी तरह छार-छार हो गया, और आकाश की चीख से बाजार सन्न रह गया। Betul Honor Killing : ऑनर किलिंग मामले में 11 साल बाद कोर्ट का फैसला, पिता समेत परिवार के 6 लोगों को उम्रकैद आकाश ने बताया, “जैसे ही जेब गर्म हुई, मैंने फोन बाहर निकाला। धमाका इतना जोरदार था कि मेरी पैंट फट गई। जांघ पर चोट लगी, फोड़े पड़ गए, और उंगलियां झुलस गईं। अगर देरी होती, तो जान भी जा सकती थी।” आसपास के दुकानदार दौड़े, लेकिन धमाके की गंध से सब घबरा गए। आकाश ने बताया कि फोन कुछ महीने पहले लोकल दुकान से 19 हजार में खरीदा था। रात को 80% चार्ज पर लगाया था और सुबह 100% था। लेकिन धमाका बैटरी ओवरहीटिंग से हुआ लगता है। आकाश ने कहा, “कंपनी की वारंटी थी, लेकिन अब क्या फायदा? हजारों रुपये खर्च किए और जान पर बन आई।”

Betul Honor Killing : ऑनर किलिंग मामले में 11 साल बाद कोर्ट का फैसला, पिता समेत परिवार के 6 लोगों को उम्रकैद

Betul Honor Killing

Betul Honour Killing Case : बैतूल। मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के पाथाखेड़ा इलाके में 1 जनवरी 2014 को हुई एक बेटी की क्रूर हत्या के मामले में आखिरकार न्याय मिल गया। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने 11 साल की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद कंचन कुशवाह (14 वर्ष) के पिता सुरेंद्र प्रसाद कुशवाह समेत परिवार के 6 सदस्यों को उम्रकैद की सजा सुनाई। यह मामला शुरू में आत्महत्या बताया गया था, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने सच्चाई उजागर कर दी। जानकारी के मुताबिक , पीएम रिपोर्ट में सामने आया कि, कंचन की गला दबाकर हत्या की गई थी। अदालत ने दोषियों को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 302 (हत्या) और 120-बी (आपराधिक षड्यंत्र) के तहत आजीवन कारावास, तथा धारा 201 (साक्ष्य नष्ट करने) के तहत 7 वर्ष की अतिरिक्त सजा और जुर्माना लगाया। MP Crime News : बिजासनी डैम में मिला गेस्ट फैकल्टी का शव, बैतूल पुलिस को आत्महत्या की आशंका बाथरूम में जली हुई लाश यह घटना 1 जनवरी 2014 की थी, जब कंचन कुशवाह, जो 9वीं कक्षा की एक होनहार छात्रा थी, अपने फूफा के घर के बाथरूम में जली हुई हालत में मिली। शव के पास दरवाजा अंदर से बंद नहीं था, जो संदेहास्पद था। परिजनों ने इसे आत्महत्या करार दिया, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने खुलासा किया कि कंचन का गला दबाकर हत्या की गई थी। उसके बाद शव को जलाकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश की गई। कंचन के मायके वालों ने तुरंत संदेह जताया, लेकिन ससुराल पक्ष ने दबाव बनाकर मामला दबाने की कोशिश की। जांच अधिकारी सुरेंद्र नाथ यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में परिजनों ने इनकार किया, लेकिन सबूतों ने उन्हें फंसा दिया। कंचन की उम्र महज 14 वर्ष थी और वह एक साधारण परिवार की बेटी थी। आरोप लगाया कि कंचन का रिश्ता किसी लड़के से जोड़ने की बात पर परिवार ने हत्या कर दी। MP Madrasa : मध्य प्रदेश के 27 मदरसों में 556 हिंदू बच्चों के कथित धर्मांतरण का आरोप, सरकार देगी NHRC को जवाब 6 दोषियों को उम्रकैद लोक अभियोजक गोवर्धन सूर्यवंशी ने बताया कि प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत में सुनवाई के बाद कोर्ट ने कंचन के पिता सुरेंद्र प्रसाद कुशवाह, दादी गीता कुशवाह, चाचा दीपक सिंह और उनकी पत्नी राधिका, तथा अन्य दो सदस्य ओमप्रकाश और लक्ष्मण को दोषी ठहराया। इन पर हत्या, षड्यंत्र और साक्ष्य छिपाने के आरोप साबित हुए। अदालत ने IPC की धारा 302 और 120-बी के तहत आजीवन कारावास, तथा धारा 201 के तहत 7 वर्ष की सजा और जुर्माना लगाया। कुल 7 आरोपी थे, जिसमें कंचन का फूफा जोगेंद्र भी शामिल था। सुनवाई के दौरान जोगेंद्र की मौत हो गई, जबकि अनुराधा को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया गया। यह फैसला 11 साल की लंबी प्रक्रिया का नतीजा है, जिसमें अदालत ने हर पहलू की गहन जांच की। अभियोजक ने कहा, “यह फैसला कंचन जैसे अन्य पीड़ितों के लिए न्याय का प्रतीक बनेगा।” MP Crime News : नवविवाहिता की मौत पर अस्पताल में बवाल, परिजनों ने लगाए दहेज़ प्रताड़ना के आरोप, पीएम रिपोर्ट का इंतजार इस मामले में कोई चश्मदीद गवाह नहीं था, जो इसे और पेचीदा बनाता था। पुलिस ने पड़ोस के 70 लोगों के बयान दर्ज किए, जिनसे साबित हुआ कि घटना के दिन घर में कोई बाहरी व्यक्ति नहीं आया था। सभी बयान परिवार के सदस्यों की ओर इशारा करते थे। जांच अधिकारी सुरेंद्र नाथ यादव ने बताया, “पोस्टमॉर्टम से गला दबाने की पुष्टि हुई। उसके बाद शव जलाया गया, जो साक्ष्य नष्ट करने का प्रयास था। परिजनों ने शुरू में झूठ बोला लेकिन बयानों ने उन्हें बेनकाब कर दिया।” परिवार ने पुलिस पर ही पक्षपात का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट तक गुहार लगाई, लेकिन सबूतों के आगे हार गए। यह मामला आरुषि-हेमराज हत्याकांड की याद दिलाता है, जहां परिवार की संलिप्तता ने जांच को जटिल बना दिया।

Dussehra 2025 : डेढ़ लाख रुपए की से लागत बन रहा रावण, मुस्लिम परिवार की तीसरी पीढ़ी बना रही 52 फीट का दशानन

Dussehra 2025

Dussehra 2025 : हरदा, मध्य प्रदेश। हरदा के खेड़ीपुरा मोहल्ले का शेख परिवार पिछले पांच दशकों से रावण का पुतला तैयार कर रहा है। यह परंपरा 1970 के दशक में शुरू हुई, जब शेख परिवार के बड़े-बुजुर्गों ने नेहरू स्टेडियम में दशहरा उत्सव के लिए पहला पुतला बनाया। आज तीसरी पीढ़ी इस काम को उत्साह के साथ संभाल रही है। शेख परिवार के मुखिया शेख रहीम ने बताया, “हमारे दादाजी ने यह शुरुआत की थी। हम हिंदू भाइयों के साथ मिलकर बुराई का प्रतीक रावण बनाते हैं, ताकि समाज में एकता और भाईचारा बना रहे।” परिवार के युवा सदस्य शेख असलम और शेख इरफान पिछले 8 दिनों से पुतला निर्माण में जुटे हैं, जिसमें बांस, कागज, रंग और आतिशबाजी का इस्तेमाल होता है। MP Crime News : बिजासनी डैम में मिला गेस्ट फैकल्टी का शव, बैतूल पुलिस को आत्महत्या की आशंका पुतले की ऊंचाई 52 फीट है और इसे बनाने में करीब डेढ़ लाख रुपये खर्च होते हैं। शेख परिवार को स्थानीय हिंदू समुदाय का पूरा सहयोग मिलता है। सामग्री खरीद से लेकर निर्माण तक कई लोग मदद के लिए आगे आते हैं। एक स्थानीय हिंदू दुकानदार रमेश साहू ने कहा, “शेख परिवार का यह काम हमें गर्व महसूस कराता है। दशहरा हम सबका त्योहार है, और वे इसे और खास बनाते हैं।” यह सहयोग हरदा को एकता का संदेश देता है, जहां धर्म की दीवारें टूटकर भाईचारा सामने आता है। नेहरू स्टेडियम में तैयारियां जोरों पर हरदा के नेहरू स्टेडियम में रावण दहन की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं। जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में हर साल हजारों लोग शामिल होते हैं। पुतला निर्माण के लिए शेख परिवार को प्रशासन से फंड और सुरक्षा व्यवस्था मिलती है। कलेक्टर ने सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात किया है और स्टेडियम में मंच, बैठने की व्यवस्था और आतिशबाजी की अनुमति दी गई है। पिछले 8 दिनों से शेख परिवार दिन-रात मेहनत कर रहा है, ताकि विजयादशमी के दिन पुतला समय पर तैयार हो। MP Breaking News : पाथ ग्रुप पर ED ने की छापेमारी, अनिल अंबानी केस से जुड़ रही लिंक शेख इरफान ने बताया, “पुतला बनाने में 10-12 लोग काम करते हैं। बांस का ढांचा, कागज की सजावट और आतिशबाजी लगाना जटिल काम है। लेकिन हिंदू भाइयों की मदद और प्रशासन का सहयोग हमें हौसला देता है।” इस साल रावण के पुतले में रंग-बिरंगे कागज और पर्यावरण-अनुकूल आतिशबाजी का इस्तेमाल किया जा रहा है, ताकि प्रदूषण कम हो। शेख परिवार का कहना है कि रावण का पुतला बनाना उनके लिए सिर्फ काम नहीं, बल्कि समाज को एकजुट करने का मिशन है। शेख रहीम ने कहा, “हमारा मजहब हमें भाईचारा सिखाता है। रावण जलाना बुराई को मिटाने का प्रतीक है और हम इसमें योगदान देकर गर्व महसूस करते हैं।” कलेक्टर ने कहा, “यह आयोजन हरदा की संस्कृति का हिस्सा है। शेख परिवार की मेहनत और समुदाय का सहयोग इसे खास बनाता है।” दशहरा उत्सव में रामलीला, सांस्कृतिक कार्यक्रम और मेला भी होगा, जो हरदा की रौनक बढ़ाएगा।

MP Crime News : बिजासनी डैम में मिला गेस्ट फैकल्टी का शव, बैतूल पुलिस को आत्महत्या की आशंका

Guest faculty member body found in Bijasani Dam

MP Crime News : बैतूल। मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के आठनेर थाना क्षेत्र में मंगलवार सुबह एक दुखद घटना ने इलाके को स्तब्ध कर दिया। भीमपुर शासकीय महाविद्यालय में गेस्ट फैकल्टी के रूप में कार्यरत 50 वर्षीय विनोद मगरदे का शव संदिग्ध परिस्थितियों में बिजासनी डैम में मिला। विनोद भैंसदेही कोर्ट के वकील परेश मगरदे के बड़े भाई थे और लंबे समय से मानसिक तनाव व अनिद्रा से जूझ रहे थे। उनका इलाज अमरावती में चल रहा था। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में इसे आत्महत्या का मामला माना है, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से सच्चाई सामने आएगी। MP Crime News : नवविवाहिता की मौत पर अस्पताल में बवाल, परिजनों ने लगाए दहेज़ प्रताड़ना के आरोप, पीएम रिपोर्ट का इंतजार डैम में मिला शव मंगलवार की सुबह जब सूरज की पहली किरणें भी न फैली थीं, बिजासनी मंदिर के पास ग्रामीणों को विनोद मगरदे की चप्पल, मोबाइल फोन और पर्स मिला। संदेह होने पर उन्होंने आठनेर थाने को सूचना दी। पुलिस टीम ने तुरंत बिजासनी डैम की ओर रुख किया, जहां विनोद का शव औंधे मुंह पड़ा मिला। विनोद सोमवार दोपहर करीब चार बजे घर से निकले थे, लेकिन रात भर लौटे नहीं। परिजनों ने रातभर उनकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग न मिला। मंगलवार सुबह यह दर्दनाक खोज हुई। MP Breaking News : पाथ ग्रुप पर ED ने की छापेमारी, अनिल अंबानी केस से जुड़ रही लिंक विनोद की पत्नी और बच्चे सदमे में डूबे हैं। एक रिश्तेदार ने बताया, “विनोद भाई बहुत ही मिलनसार इंसान थे। कॉलेज में छात्रों को इतिहास पढ़ाते थे, और भाई परेश के साथ मिलकर सामाजिक कार्य भी करते थे लेकिन तनाव ने उन्हें तोड़ दिया।” विनोद का परिवार आठनेर के पास रहता है, और वे स्थानीय स्तर पर सम्मानित थे। यह घटना बैतूल जिले में मानसिक स्वास्थ्य पर पहली नहीं है, लेकिन इतनी दर्दनाक जरूर है। परिवार के सदस्यों के अनुसार, वे अमरावती के एक निजी अस्पताल में मनोचिकित्सक से इलाज करा रहे थे। दवाओं का सेवन करते थे, लेकिन तनाव का कारण स्पष्ट नहीं था।

MP Madrasa : मध्य प्रदेश के 27 मदरसों में 556 हिंदू बच्चों के कथित धर्मांतरण का आरोप, सरकार देगी NHRC को जवाब

MP Madrasas

MP Madrasa : भोपाल। मध्य प्रदेश के विभिन्न जिलों में 27 अनधिकृत मदरसों में 556 हिंदू बच्चों को कथित तौर पर धर्मांतरण के लिए निशाना बनाने का आरोप लगने से राज्य में बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। तत्काल संज्ञान लेते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) में यह शिकायत 26 सितंबर 2025 को दर्ज की गई। इस संबंध में NHRC ने राज्य सरकार से जवाब माँगा है। स्कूल शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव से 15 दिनों के अंदर विस्तृत रिपोर्ट पेश करनी होगी। शिकायतकर्ता ने अनधिकृत मदरसों में हिंदू बच्चों को कुरान और हदीस पढ़ाए जाने, FIR दर्ज करने, बच्चों को बचाने और मदरसा संचालकों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। NHRC ने इसे मानवाधिकार उल्लंघन का प्रारंभिक मामला माना है और राज्य सरकार पर दबाव बढ़ गया है। 27 मदरसों में संगठित रूप से लक्ष्य शिकायत के अनुसार, मध्य प्रदेश के मुरैना, इस्लामपुरा, जौरा, पौर्सा, अंबाह, कैलारास, सम्बलगढ़ जैसे जिलों में 27 अनधिकृत मदरसों में 556 हिंदू बच्चों को गुप्त रूप से नामांकित किया गया है। इन मदरसों में बिना सरकारी अनुमति के गैर-मुस्लिम बच्चों को कुरान और हदीस की शिक्षा दी जा रही है, जो कथित तौर पर धर्मांतरण का माध्यम बन रही है। शिकायतकर्ता ने दावा किया कि यह एक संगठित रैकेट है, जिसमें संभवतः विदेशी फंडिंग और राष्ट्र-विरोधी तत्व शामिल हैं। NHRC के सदस्य प्रियंक कानूनगो की बेंच ने इसे गंभीरता से लेते हुए नोटिस जारी किया। आयोग ने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 21A के तहत राज्य का कर्तव्य है कि सभी बच्चों को स्कूलों में नामांकन सुनिश्चित करे, लेकिन मदरसे RTE (राइट टू एजुकेशन) एक्ट के दायरे से बाहर हैं। इसलिए, हिंदू बच्चों का मदरसों में प्रवेश अवैध है। शिकायत में मांग की गई है कि प्रभावित बच्चों को तुरंत बचाया जाए, मदरसा संचालकों पर IPC की धारा 295A (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना) और 153A (समुदायों के बीच वैमनस्य फैलाना) के तहत मुकदमा दर्ज हो, तथा मल्टी-एजेंसी जांच हो। NHRC ने प्रमुख सचिव को निर्देश दिया कि आरोपों की जांच करवाएं और एक्शन टेकन रिपोर्ट 15 दिनों में आयोग को सौंपें। मदरसा नियमन पर सख्ती की जरूरत मध्य प्रदेश सरकार ने पहले ही 16 अगस्त 2024 को एक सरकारी आदेश जारी कर गैर-इस्लामिक बच्चों को इस्लामिक मदरसों में पढ़ाई पर रोक लगा दी थी। लेकिन इस शिकायत ने सरकार पर दबाव बढ़ा दिया है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने कहा कि वे NHRC के निर्देशों का पालन करेंगे और जिलों में मदरसों की जांच शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ट्वीट कर कहा, “धर्मांतरण के किसी भी प्रयास को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कानून अपना काम करेगा।” विपक्षी दलों ने सरकार पर निशाना साधा कि मदरसों पर नियंत्रण ढीला क्यों है। यह मामला जुवेनाइल जस्टिस एक्ट 2015 का भी उल्लंघन दर्शाता है, क्योंकि बच्चों के धार्मिक अधिकारों का हनन हो रहा है। NHRC ने स्पष्ट किया कि मदरसों में गैर-मुस्लिम बच्चों की पढ़ाई संविधान के अनुच्छेद 28(3) के विरुद्ध है, जो धार्मिक शिक्षा को अनिवार्य नहीं बनाता।

MP Crime News : नवविवाहिता की मौत पर अस्पताल में बवाल, परिजनों ने लगाए दहेज़ प्रताड़ना के आरोप, पीएम रिपोर्ट का इंतजार

Vidisha News

MP Crime News : विदिशा, मध्य प्रदेश। विदिशा जिले के गंजबासौदा क्षेत्र में एक गर्भवती महिला की मौत ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। मायके से ससुराल लौट रही 25 वर्षीय पुष्पा राजपूत की इलाज के दौरान मौत हो गई, जिसके बाद मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर हत्या और दहेज प्रताड़ना का गंभीर आरोप लगाया है। वहीं, पति भवानी राजपूत ने हत्या के आरोप को बेबुनियाद बताया है। पुलिस ने कहा कि, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से सच्चाई सामने आएगी। ये है पूरा मामला यह घटना 28 सितंबर 2025 की शाम को घटी। गंजबासौदा की रहने वाली पुष्पा राजपूत पिछले तीन महीने से मायके में थी। मायके वालों का आरोप है कि सास के लगातार प्रताड़ना और दहेज की मांग के कारण वह वहां शरण ले चुकी थी। अष्टमी पूजा के बहाने पुष्पा का पति भवानी राजपूत मायके पहुंचा। उसे बाइक पर ससुराल ले जाने का वादा किया लेकिन मसीदपुर गांव के पास अचानक पुष्पा बाइक से गिर पड़ी। MP Crime News : नवविवाहिता की मौत पर अस्पताल में बवाल, परिजनों ने लगाए दहेज़ प्रताड़ना के आरोप, पीएम रिपोर्ट का इंतजार उसके सिर पर गंभीर चोट लगी और खून बहने लगा। भवानी ने तुरंत उसे गंजबासौदा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद विदिशा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने पुष्पा को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन देर रात इलाज के दौरान उसकी सांसें थम गईं। पुष्पा गर्भवती थी और उसकी उम्र महज 25 वर्ष थी। शादी को डेढ़ साल ही बीता था। मायके पक्ष के लोग सूचना पाते ही विदिशा पहुंचे, जहां उन्होंने ससुराल पक्ष पर साजिश का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। मृतका के भाई अजय राजपूत ने बताया, “मेरी बहन को सास दहेज के लिए तंग करती थी। वह मायके में सुरक्षित महसूस कर रही थी। पति ने पूजा का बहाना बनाकर बुलाया, और रास्ते में हत्या कर दी। यह हादसा नहीं, सुनियोजित कदम है।” अजय ने पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की, और मामला दहेज हत्या के तहत दर्ज करने की बात कही। Betul Accident : प्रेग्नेंट महिला को अस्पताल ले जा रही जननी 108 पलटी, हादसे में नवजात की मौत, गर्भवती सहित तीन घायल पति बोला हत्या का आरोप झूठा दूसरी ओर पुष्पा के पति भवानी राजपूत ने हत्या के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा, “मैं पत्नी को बाइक से घर ले जा रहा था। रास्ते में मोटरसाइकिल का पेट्रोल खत्म हो गया, और गाड़ी झटके लेने लगी। इसी बीच पुष्पा संतुलन खोकर गिर पड़ी। सिर पर चोट लगी, मैंने फौरन अस्पताल पहुंचाया। विदिशा ले जाते समय डॉक्टरों ने बहुत कोशिश की, लेकिन वह बच नहीं सकी। हत्या का आरोप पूरी तरह बेबुनियाद है।” भवानी ने बताया कि पुष्पा खुश थी, और कोई विवाद नहीं था। ससुराल पक्ष का कहना है कि मायके वाले बदनामी के लिए आरोप लगा रहे हैं। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से साफ होगा हादसा या हत्या गंजबासौदा थाने के जांच अधिकारी रामगोपाल ने बताया कि मामला संवेदनशील है, और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा चुके हैं। उन्होंने कहा, “हादसा लगता है, लेकिन मायके के आरोपों की जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद तस्वीर साफ हो जाएगी। Sehore News : मतदाता पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं… SDM ने BLO को किया निलंबित पांच को शो कॉज नोटिस आईपीसी की धारा 304ए (लापरवाही से मौत) के तहत केस दर्ज है, लेकिन अगर हत्या के सबूत मिले, तो धारा 302 जोड़ी जाएगी।” पुलिस ने बाइक की जांच की, और घटनास्थल का मुआयना किया। मसीदपुर के पास सड़क की स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन गवाहों से पूछताछ जारी है।

MP Private Universities Defaulter : अजीम प्रेमजी और महाकौशल यूनिवर्सिटी समेत 10 प्राइवेट यूनिवर्सिटी डिफॉल्टर, यहां देखिये पूरी लिस्ट

MP Private Universities Defaulter

MP Private Universities Defaulter : भोपाल। मध्य प्रदेश में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा झटका लगा है। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने राज्य के 10 प्रमुख निजी विश्वविद्यालयों को डिफॉल्टर की सूची में शामिल कर लिया है। यह कार्रवाई जून 2024 में जारी किए गए स्व-प्रकटीकरण दिशा-निर्देशों का पालन न करने के कारण हुई है। यूजीसी ने इन विश्वविद्यालयों को चेतावनी दी है कि यदि वे तुरंत सुधार नहीं करते, तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिसमें मान्यता रद्द करना और नए प्रवेश रोकना शामिल हो सकता है। फिलहाल सभी से नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है और अगले कदम का फैसला उनकी प्रतिक्रिया पर होगा। MP Breaking News : पाथ ग्रुप पर ED ने की छापेमारी, अनिल अंबानी केस से जुड़ रही लिंक देशभर में 54 निजी विश्वविद्यालयों पर यूजीसी की नजर यूजीसी ने देशभर के 54 निजी विश्वविद्यालयों को डिफॉल्टर सूची में डाल दिया है, जो विभिन्न राज्यों से हैं। मध्य प्रदेश के अलावा असम से 1, बिहार से 3, छत्तीसगढ़ से 3, गोवा से 1, गुजरात से 8, हरियाणा से 1, झारखंड से 4, कर्नाटक से 1, महाराष्ट्र से 2, मणिपुर से 3, त्रिपुरा, पंजाब, राजस्थान और पश्चिम बंगाल से 1-1 विश्वविद्यालय शामिल हैं। यह सूची यूजीसी की वेबसाइट पर उपलब्ध है और इसमें सिक्किम, उत्तर प्रदेश तथा उत्तराखंड के विश्वविद्यालय भी हैं। यूजीसी का कहना है कि ये संस्थान वेबसाइट पर आवश्यक जानकारी अपलोड करने में विफल रहे, जो छात्रों के हित में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए अनिवार्य है। Sehore News : मतदाता पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं… SDM ने BLO को किया निलंबित पांच को शो कॉज नोटिस निजी विश्वविद्यालयों पर कार्रवाई का कारण यूजीसी ने जून 2024 में निजी विश्वविद्यालयों के लिए स्व-प्रकटीकरण दिशा-निर्देश जारी किए थे। इनके तहत सभी उच्च शिक्षा संस्थानों को अपनी वेबसाइट पर महत्वपूर्ण जानकारी—जैसे पाठ्यक्रम, फैकल्टी विवरण, इंफ्रास्ट्रक्चर, शोध कार्य, शासन व्यवस्था और वित्तीय जानकारी- को होमपेज पर बिना लॉगिन या रजिस्ट्रेशन के प्रदर्शित करना अनिवार्य था। इसके अलावा नेविगेशन की सुविधा और यूजीसी एक्ट 1956 की धारा 13 के तहत इंस्पेक्शन रिपोर्ट सहित सहायक दस्तावेजों को रजिस्ट्रार को निर्धारित समयसीमा में जमा करना भी जरूरी था। लेकिन कई विश्वविद्यालयों ने इन नियमों का पालन नहीं किया, जिसके कारण उन्हें डिफॉल्टर घोषित किया गया। यूजीसी का उद्देश्य छात्रों को सटीक जानकारी उपलब्ध कराना है, ताकि वे सही निर्णय ले सकें। MP Viral Video : स्कूटी सवार ने पुलिसकर्मी का कॉलर पकड़कर पीटा, सड़क पर स्टंट कर रहा था, रोकने पर भड़का  10 डिफॉल्टर निजी विश्वविद्यालय की लिस्ट मध्य प्रदेश के ये 10 निजी विश्वविद्यालय यूजीसी की डिफॉल्टर सूची में शामिल हैं। इनमें भोपाल, सीहोर, शिवपुरी, सागर, इंदौर और जबलपुर के संस्थान प्रमुख हैं। छात्रों को सलाह है कि वे इन विश्वविद्यालयों में प्रवेश लेने से पहले स्थिति स्पष्ट करें: | 1 | अजीम प्रेमजी यूनिवर्सिटी | भोपाल | | 2 | आर्यावर्त यूनिवर्सिटी | सीहोर | | 3 | डॉ. प्रीति ग्लोबल यूनिवर्सिटी | शिवपुरी | | 4 | ज्ञानवीर यूनिवर्सिटी | सागर | | 5 | जेएनसीटी प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी | भोपाल | | 6 | एलएनसीटी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी | इंदौर | | 7 | महाकौशल यूनिवर्सिटी | जबलपुर | | 8 | महर्षि महेश योगी वैदिक विश्वविद्यालय | जबलपुर | | 9 | मान सरोवर ग्लोबल यूनिवर्सिटी | सीहोर | | 10 | शुभम यूनिवर्सिटी | भोपाल | ये विश्वविद्यालय वेबसाइट पर अपर्याप्त जानकारी प्रदर्शित करने के कारण सूची में हैं। यूजीसी ने इनसे 30 दिनों के अंदर सुधार की मांग की है। मान्यता की जा सकती है रद्द यूजीसी अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि डिफॉल्टर विश्वविद्यालयों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जा सकते हैं। यदि सुधार नहीं होता, तो यूजीसी एक्ट की धारा 13 के तहत इंस्पेक्शन रिपोर्ट जमा न करने पर मान्यता रद्द की जा सकती है। इसके अलावा, नए सत्र में प्रवेश प्रक्रिया रोक दी जा सकती है और जुर्माना लगाया जा सकता है। Sehore News : करप्शन के तीन बड़े मामले पर आला अधिकारी चुप, सांसद आलोक शर्मा का संज्ञान भी बेअसर वर्तमान में सभी विश्वविद्यालयों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। एक अधिकारी ने कहा, “यह छात्रों की सुरक्षा के लिए है। पारदर्शिता न होने से फर्जी डिग्री या खराब सुविधाओं का खतरा बढ़ जाता है।” मध्य प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग ने भी इन विश्वविद्यालयों को निर्देश जारी किए हैं। डिफॉल्टर सूची कैसे चेक करें यदि आप किसी विश्वविद्यालय में प्रवेश लेने की सोच रहे हैं, तो यूजीसी की आधिकारिक वेबसाइट पर डिफॉल्टर लिस्ट चेक करें। यहां स्टेप-बाय-स्टेप गाइड है: 1.  ugc.gov.in पर लॉगिन करें (रजिस्ट्रेशन यदि जरूरी हो)। 2. होमपेज पर ‘नोटिस’ या Public Notices टैब पर क्लिक करें। 3.  Defaulter Universities List या डिफॉल्टर विश्वविद्यालयों की सूची पर क्लिक करें। 4. नया पेज खुलेगा, जहां राज्य चुनकर पूरी सूची डाउनलोड या देख सकते हैं।

MP Breaking News : पाथ ग्रुप पर ED ने की छापेमारी, अनिल अंबानी केस से जुड़ रही लिंक

ED Raid

MP Breaking News : इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मंगलवार सुबह छापेमारी की है। जानकारी के मुताबिक, यह कार्रवाई इंदौर के पाथ इंडिया ग्रुप के ठिकानों पर की जा रही है। बताया जा रहा है कि, ईडी की टीम पांच-छह गाड़ियों के साथ पाथ ग्रुप के कार्यालय और निदेशकों के आवासों पर पहुंची और जांच शुरू की। ईडी की टीम ने मंगलवार को पाथ ग्रुप के अलग-अलग ठिकानों से दस्तावेज, कंप्यूटर और डिजिटल डिवाइस जब्त किए हैं। मामले में फिलहाल आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन बड़े पैमाने पर हवाला और मनी लॉन्ड्रिंग की आशंका है। Betul Accident : प्रेग्नेंट महिला को अस्पताल ले जा रही जननी 108 पलटी, हादसे में नवजात की मौत, गर्भवती सहित तीन घायल रिपोर्ट्स में बताया जा रहा है कि, यह छापेमारी अनिल अंबानी से संबंधित बैंक लोन घोटाले की जांच का हिस्सा है। ईडी को इनपुट मिले थे कि अनिल अंबानी की एक कंपनी और पाथ ग्रुप के बीच कई निर्माण कार्यों को लेकर समझौते हुए हैं। ईडी को संदेह है कि इन समझौतों की आड़ में करोड़ों रुपए की राशि इधर-उधर की गई है। बता दें कि, पाथ ग्रुप के एमडी नितिन अग्रवाल हैं, जबकि निपुण अग्रवाल, सक्षम अग्रवाल, नीति अग्रवाल और संतोष अग्रवाल डायरेक्टर के पद पर हैं। इसके अलावा आशीष अग्रवाल और आदित्य उपाध्याय इंडिपेंडेंट डायरेक्टर हैं। MP Road Accident : श्रद्धालुओं से भरी टेम्पो अनियंत्रित होकर पलटी, 45 से ज्यादा घायल, 27 की हालत गंभीर आईटी की रेड भी हो चुकी दस साल पहले पाथ ग्रुप पर आयकर विभाग ने भी छापा मारा था। उस समय सामने आया था कि राजस्थान में एक हाईवे निर्माण परियोजना का ठेका अनिल अंबानी की कंपनी को मिला था, जिसे पाथ ग्रुप को पेटी कॉन्ट्रैक्ट के तौर पर सौंपा गया। इस प्रोजेक्ट को लेकर दो अलग-अलग अनुबंध बनाए गए थे। एक आधिकारिक और दूसरा गोपनीय। सूत्रों के अनुसार, इस गुप्त करार में यह प्रावधान था कि कंपनी को मिलने वाली अतिरिक्त राशि को अन्य कंपनियों के माध्यम से शिफ्ट किया जाएगा। MP News : फ्लाई ओवर बाइक स्टंट कर बनाई रील, स्टंटबाज युवक को पड़ गया भारी, पुलिस ने ऐसे सिखाया सबक आयकर विभाग की जांच में यह भी सामने आया था कि इस राशि को देशभर की अलग-अलग कंपनियों से ट्रांसफर किया गया और फिर यह पैसा दुबई के माध्यम से दोबारा भारत में लाया गया। इन लेन-देन से लाभ उठाने वाली कंपनियों के तार अनिल अंबानी के ग्रुप से जुड़े पाए गए थे।

Betul Accident : प्रेग्नेंट महिला को अस्पताल ले जा रही जननी 108 पलटी, हादसे में नवजात की मौत, गर्भवती सहित तीन घायल

Betul Accident

Betul Accident : बैतूल। मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के बोर्देही थाना क्षेत्र में मंगलवार अलसुबह एक ऐसी घटना घटी, जो हर किसी के दिल को चीर देगी। दीपा मंडई रेलवे गेट के पास जननी 108 एम्बुलेंस के पलटने से नवजात शिशु की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे में नवजात की मां कलस्या बाई, उनकी मां और सास घायल हो गईं। एम्बुलेंस में सवार परिवार अस्पताल जा रहा था, लेकिन तेज रफ्तार और अंधेरे ने सब कुछ तबाह कर दिया। नवजात एक घंटे तक पलटे वाहन में फंसा रहा, और जब उसे निकाला गया, तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। यह हादसा न केवल एक परिवार का गहरा आघात है, बल्कि आपातकालीन सेवाओं की सुरक्षा पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। MP Poster War : नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान…भोपाल में लगे आई लव इंडिया- राहुल गांधी के पोस्टर डिलीवरी के बाद अस्पताल का सफर बना काल मंगलवार की अलसुबह, जब सूरज की पहली किरणें भी न निकली थीं, दीपा मंडई गांव के निवासी दिलीप इवनाती का परिवार अस्पताल की ओर बढ़ा। दिलीप की पत्नी कलस्या बाई ने घर पर ही डिलीवरी की थी और नवजात शिशु व जच्चा-बच्चा को बोर्देही अस्पताल ले जाने के लिए जननी 108 एम्बुलेंस बुलाई गई। वाहन में कलस्या बाई, नवजात शिशु, उनकी मां और सास सवार हुईं। सुबह करीब पांच बजे एम्बुलेंस दीपा मंडई रेलवे गेट के पास पहुंची, जहां अचानक हादसा हो गया। MP Road Accident : श्रद्धालुओं से भरी टेम्पो अनियंत्रित होकर पलटी, 45 से ज्यादा घायल, 27 की हालत गंभीर ड्राइवर की तेज रफ्तार और घाटी के मोड़ ने एम्बुलेंस को नाली में गिरा दिया। वाहन पलट गया, और अंदर सवार लोग चीखने लगे। दिलीप, जो बाइक से एम्बुलेंस के पीछे-पीछे चल रहा था, ने दौड़कर वाहन रोका। उसने पत्नी कलस्या बाई और सास को बाहर निकाला, लेकिन नवजात शिशु सीट के नीचे दब गया। अंधेरे में एक घंटे तक उसे ढूंढा गया, लेकिन जब मिला, तब तक उसकी जान जा चुकी थी। दिलीप ने बताया, “एम्बुलेंस बहुत तेज चल रही थी। घाटी में ड्राइवर ने ब्रेक नहीं लगाया, वाहन स्लिप हो गया। हमने बच्चे को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन देर हो गई।” यह दृश्य इतना भयावह था कि गांव वाले भी सदमे में हैं। बाइक सवार को बचाने से स्लिप हादसे के बाद एम्बुलेंस के पायलट ओंकार ने सफाई दी कि एक बाइक सवार को बचाने के प्रयास में ब्रेक लगाने पर वाहन स्लिप हो गया। उसने कहा, “मैंने घर पहुंचकर देखा तो बच्चा पहले से ही मृत लग रहा था। परिजनों ने कहा अस्पताल ले चलो, वहां पता चलेगा।” लेकिन दिलीप और परिजनों का कहना है कि बच्चा जीवित था। Sehore News : करप्शन के तीन बड़े मामले पर आला अधिकारी चुप, सांसद आलोक शर्मा का संज्ञान भी बेअसर आमला बीएमओ डॉ. अशोक नरवरे ने बताया कि विवाद के कारण नवजात का पोस्टमॉर्टम कराया जा रहा है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हादसे के समय वह जिंदा था या पहले से मृत। डॉ. नरवरे ने कहा, “प्रसूता कलस्या बाई की कमर में हल्की चोट है, लेकिन उनकी स्थिति स्थिर है। सभी घायलों को आमला सिविल अस्पताल शिफ्ट किया गया है।” घायलों को पहले बोर्देही अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद रेफर किया गया। लेकिन अस्पताल पहुंचने में देरी और एम्बुलेंस की स्थिति ने परिवार को और परेशान किया। दिलीप ने रोते हुए कहा, “बच्चा हमारा पहला संतान था। अगर एम्बुलेंस धीरे चलती, तो शायद सब बच जाता।” पुलिस ने ड्राइवर के खिलाफ लापरवाही का केस दर्ज किया है, और वाहन की जांच शुरू कर दी है।

Sehore News : मतदाता पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं… SDM ने BLO को किया निलंबित पांच को शो कॉज नोटिस

निलंबित

Sehore News : सीहोर। मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में मतदाता नामावली के विशेष सघन पुनरीक्षण कार्य 2025 में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर कड़ा एक्शन लिया गया है। सोमवार को एसडीएम तन्मय वर्मा ने छतरपुरा के बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) प्रवीण श्रीवास्तव को निलंबित कर दिया, जबकि पांच अन्य बीएलओ को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए। यह कार्रवाई 2003 और 2025 की मतदाता सूची की डेटा मैपिंग में देरी के चलते हुई, जो मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के निर्देशों का उल्लंघन है। विपक्षी दलों के फर्जी मतदाताओं और वोटर लिस्ट में गड़बड़ी के आरोपों के बीच यह कदम जिले में निर्वाचन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है। Sehore News : करप्शन के तीन बड़े मामले पर आला अधिकारी चुप, सांसद आलोक शर्मा का संज्ञान भी बेअसर एक निलंबन, पांच को नोटिस एसडीएम तन्मय वर्मा ने मतदाता नामावली मैपिंग कार्य में लापरवाही बरतने के लिए सीहोर विधानसभा के ग्राम छतरपुरा के बीएलओ प्रवीण श्रीवास्तव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। निलंबन का कारण समय पर डेटा उपलब्ध न कराना और कार्य में लापरवाही बताया गया। इसके अलावा, पांच अन्य बीएलओ—पूनमचंद तिवारी (ग्राम बरखेड़ा हसन), धरमसिंह वर्मा (ग्राम जानपुर बावडिया), गोविंद सिंह झलावा (ग्राम शेखपुरा), सुनील गिरोठिया (मतदान केंद्र क्रमांक 240, सीहोर), और विश्वजीत राय (मुंगावली)—को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए। इन बीएलओ पर भी मैपिंग डेटा समय पर जमा न करने का आरोप है। MP News : फ्लाई ओवर बाइक स्टंट कर बनाई रील, स्टंटबाज युवक को पड़ गया भारी, पुलिस ने ऐसे सिखाया सबक सीहोर तहसीलदार अमित सिंह ने बताया कि यह कार्रवाई मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के 12 सितंबर 2025 के पत्र के आधार पर की गई, जिसमें 2003 और 2025 की मतदाता सूची की मैपिंग का कार्य 19 सितंबर तक पूरा करने के निर्देश थे। हालांकि, समयसीमा बाद में बढ़ाई गई, लेकिन कई बीएलओ ने डेटा जमा नहीं किया। तहसीलदार ने स्पष्ट किया, “पहले चरण का कार्य पूरा हो चुका है और यह प्रक्रिया कई चरणों में चलेगी। जो लापरवाही करेंगे, उनके खिलाफ सख्ती जारी रहेगी।” निलंबन और नोटिस की कार्रवाई को जिला प्रशासन ने सख्त संदेश के रूप में लिया है, ताकि बाकी बीएलओ समय पर कार्य पूरा करें। विपक्ष का हंगामा विपक्षी दलों, खासकर कांग्रेस ने सत्तारूढ़ बीजेपी और निर्वाचन आयोग पर फर्जी मतदाताओं और वोटर लिस्ट में गड़बड़ी के गंभीर आरोप लगाए हैं। इन आरोपों में कहा गया कि कई मतदान केंद्रों पर फर्जी नाम जोड़े गए हैं, और पुरानी मतदाता सूची में हेरफेर की जा रही है। इन शिकायतों के बाद मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्य प्रदेश ने सभी कलेक्टरों और जिला निर्वाचन अधिकारियों को पत्र लिखकर 2003 की मतदाता सूची के साथ 2025 की सूची का मिलान करने के निर्देश दिए। इस मैपिंग का मकसद डुप्लिकेट, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं को हटाकर सूची को शुद्ध करना है।